पिथौरागढ़: युवक से कथित मारपीट प्रकरण में युवाओं ने पुलिस से की निष्पक्ष जांच की मांग, 4 दिन का दिया अल्टीमेटम
पिथौरागढ़। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुए कथित मारपीट प्रकरण को लेकर मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। इसी क्रम में कुछ युवा प्रतिनिधि पुलिस अधीक्षक (SP) से मुलाकात करने उनके कार्यालय पहुंचे। हालांकि, प्रशासनिक व्यस्तताओं के कारण एसपी उनसे मुलाकात नहीं कर सके। इसके बाद पुलिस विभाग की ओर से इंस्पेक्टर नीरज भाकुनी ने युवाओं से वार्ता की।
सोशल मीडिया पर साझा किए गए वार्ता के वीडियो के अनुसार, इंस्पेक्टर नीरज भाकुनी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान युवाओं की भावनाओं और आत्मसम्मान का भी ध्यान रखा जाएगा तथा यदि जांच में किसी व्यक्ति की जिम्मेदारी सामने आती है तो उसके विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, प्रतिनिधिमंडल की ओर से कहा गया कि यदि किसी निर्दोष व्यक्ति के साथ अनुचित व्यवहार हुआ है तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। युवाओं ने यह भी कहा कि पुलिस की कथित “गुंडई” जैसी घटनाएं समाज के लिए उचित नहीं हैं। उन्होंने प्रशासन को चार दिन का समय देते हुए कहा कि यदि इस अवधि में मामले का संतोषजनक समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन को आगे बढ़ाने पर विचार करेंगे।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें एक पुलिसकर्मी द्वारा एक युवक को थप्पड़ मारते हुए दिखाए जाने का दावा किया गया था। इसके बाद कुछ तस्वीरें भी साझा की गईं, जिनमें युवक के शरीर पर चोट के निशान होने का दावा किया गया। संबंधित युवक ने स्वयं को निर्दोष बताते हुए जिला प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत करने की बात कही है।
फिलहाल मामले की जांच प्रक्रिया प्रारंभ होने की बात कही गई है। ऐसे में घटना से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि जांच रिपोर्ट और पुलिस के आधिकारिक निष्कर्ष आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
जांच पूरी होने तक किसी भी पक्ष को दोषी या निर्दोष मानना उचित नहीं होगा। Kapil Bhatt (Bureau chief PITHORAGARH Uttarakhand