नरेश सोनी इंडियन टीवी न्यूज हजारीबाग
हजारीबाग: बैठक में केंद्रीय महासचिव मोः हकीम ने राज्य में बिगड़ते हुए शिक्षा पर अपनी पीड़ा व्यक्त की और कहा कि, शिक्षा मनुष्य को मनुष्य बनता है, शिक्षा ही एक आधार है जिस पर चलकर मनुष्य किसी भी मंजिल को प्राप्त कर सकता है, झारखंड सरकार के पूर्व मुख्यमंत्री शिक्षा के क्षेत्र में दिखावे का काम कर रहा है, गरीबों को पढने से रोकता है जब झारखंड सरकार उसके हाथों में था,तो गरीबों के झारखंड प्रदेश के हजारों विद्यालयों को बंद कर दिया, यह उसके शिक्षा का प्रति उदासीनता का परिणाम है, सच्चाई है,जिन्हें शिक्षा की जरूरत है उसके साथ राजनीतिक छल हो रहा है विश्व के जितने भी क्रांतिकारी युग पुरुष हुए है, सब ने शिक्षा का महत्व को देखा समझा और उसके विस्तार में अपने अनुयायियों को अमल करने को कहा अगर समाज आज भी अंधेरे में पड़ा हुआ है जिसका मतलब है शिक्षा के ज्वाला से वंचित है, ईश्वरीय दूतों ने भी इसी के महत्व को दर्शाया है, आज समस्त राजनीति इसी के महत्व को दर्शाता है लेकिन षड्यंत्रकारी राजनीति करने वाले इसका दिखावा मात्र करते हैं।
अब राष्ट्र के निर्माण के लिए यह आवश्यक है कि सबको शिक्षा सुलभ मिले इसी के लिए सभी मंत्रियों के सभी विभागों के लिए यह आवश्यक है।
आज बड़कागांव के गोंदल पूरा की जनता लंबे समय से कंपनियों के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं, यह शिक्षा के महत्व को दर्शाता है, लेकिन यह भी कहावत है, योगो मठ उजाड़,
झारखंड के शिक्षा मंत्री से आत्म निवेदन है कि निर्धनों के विकास के लिए सर्व शिक्षा अभियान को धरती पर ठीक से उतरना है
शिक्षा के विकास के लिए सरकार एक ऐसी नीति को निर्धारण करें जिसमें मंत्रियों से लेकर सभी सरकारी पदाधिकारी एवं कर्मचारी सरकार के विद्यालयों में अपने-अमपने बाल बच्चों को शिक्षा प्राप्त करवाए, और शिक्षा नीति पर कानून बनावे और इसे शक्ति से लागू कर जमीन पर उतरेऔर शिक्षा मुफ्त करें जिससे जनता पर बोझ ना पडे, यही खतियानी की माँग है।
उपस्थित खतियानी परिवार के केंद्रीय अध्यक्ष बाबू भाई विद्रोही, संरक्षक राम प्रकाश चौधरी, महेश विश्वकर्मा, तनवीर अख्तर, मोः आशिक, विजय मिश्रा, मोः फखरुद्दीन, मेघनाथ मेहता, मोः नसरुद्दीन, आशा देवी, मुन्नी देवी, रामचंद्र राम, रामावतार भगत, अमर कुमार, प्रदीप कुमार मेहता।