उत्तर प्रदेश में किसान बनाएंगे अपनी सरकार 2027 के चुनाव में लड़ेंगे चुनाव
वीएम सिंह का धमाकेदार ऐलान: 2027 में किसान बनाएंगे अपनी सरकार!
सहारनपुर /खेड़ा मुगल मे किसान नेता सरदार वीएम सिंह ने उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में आयोजित किसान स्वाभिमान महापंचायतों में बड़ा ऐलान किया कि 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले किसान एकजुट होकर अपनी खुद की “किसान सरकार” बनाएंगे और यूपी में किसान सरकार स्थापित करेंगे।उन्होंने हजारों किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि जाति-बिरादरी से ऊपर उठकर किसानों को अपनी ताकत पहचाननी होगी, क्योंकि 75 सालों से उन्हें फुटबॉल की तरह खेला गया है। सिंह ने चेतावनी दी कि यदि मौजूदा सरकारें एमएसपी, गन्ने के दाम और कर्ज माफी जैसे मुद्दों पर काम नहीं करेंगी, तो किसान खुद सत्ता हासिल कर लेंगे।
महापंचायतों के प्रमुख वादे और आरोप
वीएम सिंह ने गन्ने का मूल्य तत्काल 500 रुपये प्रति क्विंटल करने का वादा किया, जो किसानों की लंबे समय की मांग रही है।उन्होंने बजट 2025 को किसानों को कर्जदार बनाने की साजिश करार दिया और इसमें एमएसपी का जिक्र न होने पर कड़ी नाराजगी जताई। इसके अलावा, उन्होंने 5 करोड़ रुपये के इनाम का ऐलान भी किया, जो किसी विशेष उपलब्धि पर दिया जाएगा।उत्तर प्रदेश में बढ़ती एकजुटता
सिंह ने मेरठ, सहारनपुर, अमरोहा, पीलीभीत और शेरपुर जैसे जिलों में कार्यक्रम आयोजित कर किसानों को जागरूक किया।उन्होंने कहा कि ब्रिटिश काल में केवल किसान थे, आजादी के बाद उनके उत्पादों के दाम मात्र 100 गुना बढ़े जबकि अन्य चीजें 1000 गुना महंगी हो गईं। इस ऐलान से महापंचायतों में भारी भीड़ उमड़ी और किसानों में नया जोश भर गया है।
राजनीतिक प्रभाव की संभावना
यह घोषणा यूपी की ग्रामीण राजनीति में बड़ा बदलाव ला सकती है, खासकर गन्ना किसानों की मजबूत एकता से। वीएम सिंह की अपील से किसान आंदोलन नई दिशा पा रहा है, जो 2027 चुनावों को प्रभावित कर सकता है।हाल ही में इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसलों ने भी किसानों को राहत दी है, जिसका सिंह ने स्वागत किया।
इस मोके पर मंडल अध्यक्ष नवीन त्यागी, जिला अध्यक्ष नवाब प्रधान, चौधरी सुखवीर सिंह,अरुण दत्त शर्मा, कवरपाल चौधरी, सुरेंद्र काम्बोज,प्रमोद उर्फ़ मंजू चौधरी,, विशु त्यागी,मांगेराम ठेकेदार,रविंद्र चौधरी, संदीप चौधरी,मांगे राम जिला प्रभारी आदि हजारों कर्यकर्ता मौजूद रहे
रमेश सैनी सहारनपुर इंडियन टीवी न्यूज़