प्रीतम यादव ब्यूरो चीफ कबीरधाम छत्तीसगढ़ ITN National News.
कोरबा
तो क्या छत्तीसगढ़ में पुलिस सच में बेलगाम है? क्या पुलिसवाले खुद को कानून से ऊपर समझने लगे हैं? या फिर उनकी मर्जी ही कानून है? लगातार एक के बाद एक ऐसे वीडियो सामने आ रहे हैं, जो पुलिस वालों की मनमानी को उजागर करते हैं।
छत्तीसगढ़ में पुलिस के बेलगाम होने का एक और उदाहरण सामने आया है। कोरबा जिले में जुआ खेलने का आरोप लगाकर दो युवकों की बेदम पिटाई की गई है।
धमतरी में देर रात परिवार के साथ जा रहे युवक का मामला हो, बलौदाबाजार में भरी पंचायत के बीच युवक की पिटाई, कलेक्टर-मुख्यमंत्री हो कहना ! और अब कोरबा जिले में दो युवकों की संदेह के आधार पर पिटाई। लगता तो ऐसा ही है, मानो सरकार का नहीं पुलिस का राज चल रहा हो।
कोरबा जिले के हरदीबाजार थाना क्षेत्र का मामला
दरअसल आज हम जिस मामले की बात कर रहे हैं वह कोरबा जिले के हरदीबाजार थाना क्षेत्र का है। यहां दो युवक गांव की ऊंची पानी टंकी पर चढ़ गए और पुलिस पर मारपीट का आरोप लगाते हुए न्याय की मांग करने लगे। दोनों युवकों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी बात नहीं सुनी गई तो वे कोई बड़ा कदम उठा सकते हैं।
पानी टंकी पर चढ़कर किया विरोध प्रदर्शन
जानकारी के अनुसार हरदी बाजार थाना क्षेत्र के ग्राम नेवसा निवासी मोहम्मद रफीक और दीपेश निर्मलकर पानी की टंकी पर चढ़ गए। युवकों का आरोप है कि, पुलिस ने उनके साथ अभद्रता की और बेवजह उनके साथ मारपीट की। उनका कहना है कि, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा, तब तक वे अपना विरोध जारी रखेंगे।
पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
दोनों युवकों का दावा है कि हरदी बाजार पुलिस चौकी के अधिकारियों और कर्मचारियों ने उनके साथ मारपीट की। इसी कथित कार्रवाई के विरोध में उन्होंने यह कदम उठाया है। टंकी पर चढ़े युवकों को नीचे उतारने और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंचा।
पुलिस का पक्ष भी आया सामने
पुलिस का कहना है कि, दोनों युवक जुआ खेलते हुए पकड़े गए थे। पुलिस के मुताबिक कार्रवाई के दौरान युवक शराब के नशे में थे। पुलिस का दावा है कि, जुए के मामले से बचने और दबाव बनाने के उद्देश्य से दोनों ने पानी टंकी पर चढ़कर विरोध का रास्ता अपनाया है।