अखिल भारतीय राष्ट्रीय स्नातक संघ के स्नातक MLC उम्मीदवार आशीष तिवारी ने कहा कि वर्षों तक मंच सजे,
शालें ओढ़ाई गईं,सम्मान समारोह हुए और आश्वासन दिए गए लेकिन स्नातकों के अधिकार का प्रश्न वहीं का वहीं रहा।
राजनीतिक दलों भाजपा और सपा ने राजनैतिक हितों के लिए उम्मीदवार उतार कर ताकत झोंक दी है। राजनीतिक पार्टियों ने प्रत्याशी उतार कर स्नातक राजनीति को बदल दिया हैं, अखिल भारतीय राष्ट्रीय स्नातक संघ ने आशीष तिवारी को उम्मीदवार बना कर मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया है।
उन्होंने कहा कि
अब रस्मी सम्मान नहीं,
सम्मान के साथ अधिकार चाहिए। उन्होंने अपनी प्राथमिकताएं भी बताई जिसमें स्नातकों के मूल्यों की रक्षा,UGC Act के खिलाफ संघर्ष, वित्त विहीन शिक्षकों के लिए मानदेय, शिक्षा मित्रों के लिए पुरानी पेंशन, स्नातकों को रोजगार और सम्मान उनका अधिकार है जो मिलना चाहिए। मै शिक्षकों और स्नातकों के लिए संघर्ष करता रहूंगा, उन्होंने सभी से समर्थन और उनके प्रथम वरीयता के मत के लिए अपील भी की।
उनके साथ क्षेत्रीय अध्यक्ष डॉ अखिलेश पाठक ,पंकज पाण्डेय, चित्रेश नंदन पांडे विशाल ,संतोष सिंह, अमित रोहित रविकांत प्रदीप साजु पिंटू कृपा शंकर तिवारी
सहित समस्त कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहें।