सकीट (एटा)। मौसम में अचानक आए बदलाव और तेज हवाओं के साथ हुई बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। सकीट क्षेत्र के आसपुर में बारिश के बाद खेतों में खड़ी धान और बाजरा की फसल पर नुकसान का खतरा मंडराने लगा है। फसल कटाई के लिए तैयार होने के कारण किसान अब मौसम साफ होने का इंतजार कर रहे हैं।
किसानों के मुताबिक, धान और बाजरा की फसल पककर तैयार हो चुकी है। कई किसान कटाई की तैयारी में जुटे थे, जबकि कुछ ने फसल काटकर खेतों में रख दी थी। ऐसे में अचानक हुई बारिश ने उनकी मुश्किलें बढ़ा दी हैं। खेतों में पानी भरने से कटी हुई फसल के भीगने और खड़ी फसल के खराब होने की आशंका है।
किसान विपिन यादव ने बताया कि फसल तैयार होने के समय बारिश होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। किसान कई महीनों तक मेहनत करके फसल तैयार करते हैं। ऐसे समय में मौसम खराब होने से उनकी लागत और मेहनत दोनों पर संकट खड़ा हो सकता है।
किसान अनुपम ने बताया कि यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा, तो धान और बाजरा की फसल को भारी नुकसान पहुंच सकता है। इससे किसानों की आर्थिक स्थिति पर भी असर पड़ने की आशंका है। किसानों को डर है कि फसल खराब होने से उनकी सालभर की मेहनत बेकार हो सकती है।
किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में खेतों का सर्वे कराया जाए। बारिश से फसल को नुकसान होने पर आकलन के आधार पर उचित मुआवजा दिलाया जाए, ताकि किसानों को आर्थिक राहत मिल सके।