नरेश सोनी
इंडियन टीवी न्यूज
ब्यूरो चीफ हजारीबाग।
झारखंड में नई उत्पाद नीति पर उठे सवाल: पूर्व सांसद प्रत्याशी अभिषेक कुमार का आरोप
हजारीबाग : पूर्व सांसद प्रत्याशी और समाज सेवी अभिषेक कुमार ने झारखंड की नई उत्पाद नीति और शराब दुकानों के लिए शुरू की गई ई-लॉटरी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने इस नीति में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी और अनियमितता का आरोप लगाते हुए कहा है कि वह इसे तत्काल रोकने के लिए हाईकोर्ट में एक रिट याचिका दायर करेंगे। इसके साथ ही उन्होंने संबंधित अधिकारियों पर भी मामला दर्ज कराने की बात कही है।
अभिषेक कुमार ने कहा कि झारखंड में पहले से ही बेरोजगारी की समस्या है, लेकिन नई नीति में स्थानीय नियोजन नीति का पालन नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश और बिहार के लोगों को कंपोजिट दुकानें दे दी गईं, जबकि झारखंड के लोगों को प्राथमिकता नहीं मिली। उन्होंने सवाल किया कि जब यहां के लोग बेरोजगार हैं, तो बाहरी लोगों को दुकानें क्यों दी गईं?
उन्होंने ई-लॉटरी प्रक्रिया पर भी संदेह व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह देखा गया है कि जो दुकानें पहले से कुछ लोगों को मिली हुई थीं, वही दुकानें उन्हें ई-लॉटरी के जरिए फिर से मिल गईं। यह एक बड़े “सेटिंग” का संकेत देता है। अभिषेक कुमार ने झारखंड सरकार से तुरंत इस प्रक्रिया पर रोक लगाने और सिर्फ झारखंड के लोगों को ही दुकानें देने की अपील की।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं देती है तो वह विधानसभा का घेराव करेंगे। उन्होंने इस पूरे मामले की जांच के लिए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) में भी आवेदन देने की बात कही। कुमार ने कहा कि यह पूरी प्रक्रिया मनमानी ढंग से की गई है, जिससे झारखंड के लोगों के हितों की अनदेखी हुई है।