नरेश सोनी इंडियन टीवी न्यूज नेशनल ब्यूरो हजारीबाग।
झारखंड की ऐतिहासिक और विश्व प्रसिद्ध हजारीबाग रामनवमी को लेकर इस वर्ष प्रशासन और नगर निगम ने अपनी तैयारियों को नया विस्तार दिया है। उत्सव के दौरान उमड़ने वाली लाखों की भीड़ और श्रद्धालुओं की मूलभूत आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए सूचना एवं जनसंपर्क कार्यालय द्वारा महत्वपूर्ण दिशा निर्देश और सुविधाओं की सूची साझा की गई है। शहर की स्वच्छता को बरकरार रखने और जुलूस में शामिल होने वाले रामभक्तों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो इसके लिए समाहरणालय भवन से विशेष प्रेस विज्ञप्ति जारी की गई है। इस बार प्रशासन का मुख्य केंद्र बिंदु न केवल सुरक्षा है बल्कि स्वच्छता और सुलभता भी है ताकि हजारीबाग की गरिमा वैश्विक मंच पर बनी रहे।
नगर निगम हजारीबाग द्वारा इस वर्ष एक अभिनव पहल की गई है जिसके अंतर्गत शहर के हर उस कोने पर ध्यान दिया गया है जहाँ श्रद्धालुओं का जमावड़ा अधिक रहता है। रामनवमी के जुलूस के दौरान अक्सर भीड़ के कारण बुनियादी सुविधाओं की कमी महसूस की जाती थी जिसे देखते हुए इस बार व्यापक स्तर पर सामुदायिक शौचालयों और आधुनिक मॉड्यूलर यूरिनल की स्थापना की गई है। इस व्यवस्था के पीछे प्रशासन का प्राथमिक उद्देश्य शहर को खुले में शौच से मुक्त रखना और संक्रमण रहित वातावरण प्रदान करना है। जब लाखों लोग सड़कों पर होते हैं तो स्वच्छता बनाए रखना एक बड़ी चुनौती होती है लेकिन नियोजित बुनियादी ढांचे के माध्यम से इस चुनौती को सुअवसर में बदलने का प्रयास किया गया है।
हजारीबाग नगर निगम ने सामुदायिक शौचालयों के लिए शहर के प्रमुख प्रवेश द्वारों और संवेदनशील चौराहों का चयन किया है। श्रद्धालुओं के लिए सदर अस्पताल के समीप विशेष व्यवस्था रहेगी ताकि आपातकालीन स्थिति में भी स्वच्छता बनी रहे। इसके अलावा कोर्रा चौक और खिरगाँव जैसे घनी आबादी वाले क्षेत्रों में भी सामुदायिक शौचालयों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। जो लोग निजी या सार्वजनिक वाहनों से शहर में प्रवेश कर रहे हैं उनके लिए न्यू बस स्टैंड और पुराना बस स्टैंड पर पहले से ही बेहतर शौचालय मौजूद हैं जिन्हें उत्सव के दौरान विशेष सफाई कर्मियों की निगरानी में रखा जाएगा। टैक्सी स्टैंड और पीसीसीआर चौक पर भी श्रद्धालुओं के विश्राम और सुलभता के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं।
शहर के व्यापारिक केंद्रों और रिहायशी इलाकों जैसे डेली मार्केट और बांबे आवास के तीनों सेक्टरों में भी शौचालयों का जाल बिछाया गया है ताकि स्थानीय निवासियों और बाहर से आए मेहमानों को परेशानी न हो। नूरा चौक और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण निर्मल महतो पार्क के समीप दो अलग-अलग स्थानों पर शौचालय की सुविधा दी गई है। पुराना ब्लॉक क्षेत्र जो कि जुलूस मार्ग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है वहाँ भी श्रद्धालुओं की सुविधा का पूर्ण ख्याल रखा गया है। इन सभी स्थानों पर जल आपूर्ति और प्रकाश की भी समुचित व्यवस्था करने का दावा प्रशासन द्वारा किया गया है।
स्वच्छता अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए इस वर्ष मॉड्यूलर यूरिनल की अवधारणा को प्रमुखता दी गई है। यह आधुनिक यूरिनल कम जगह में अधिक लोगों को सुविधा प्रदान करने में सक्षम हैं। खिरगाँव टैक्सी स्टैंड और सदर अस्पताल परिसर में इनकी तैनाती की जा रही है। विशेष रूप से डिस्ट्रिक्ट बोर्ड चौक और सरकारी बस स्टैंड के सामने की सड़कों पर जहाँ जुलूस का मुख्य आकर्षण होता है वहाँ इन मॉड्यूलर यूरिनल की उपस्थिति से सड़कों पर गंदगी फैलने की संभावना शून्य हो जाएगी। मटवारी गांधी मैदान जो कि कई सांस्कृतिक गतिविधियों और जनसमूह का केंद्र होता है वहाँ भी प्रशासन ने इन सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर स्थापित किया है।
यह पूरी कवायद हजारीबाग को एक आदर्श उत्सव नगरी के रूप में प्रस्तुत करने की है। नगर निगम के अधिकारियों का मानना है कि स्वच्छता केवल एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं है बल्कि श्रद्धालुओं के सहयोग से ही इसे सफल बनाया जा सकता है। प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से आम जनता और जुलूस समितियों से भी अपील की गई है कि वे इन सुविधाओं का भरपूर लाभ उठाएं और शहर की सुंदरता को बनाए रखने में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। प्रशासन ने इस बार स्वच्छता मित्रों की भी भारी संख्या में तैनाती की है जो चौबीसों घंटे शिफ्ट में काम करेंगे ताकि कचरा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था में कोई कोताही न बरती जाए।
अंततः हजारीबाग की यह रामनवमी अपनी भव्यता के साथ-साथ अपनी उच्च स्तरीय नागरिक सुविधाओं के लिए भी याद की जाएगी। जिला प्रशासन ने यह स्पष्ट कर दिया है कि श्रद्धालुओं की सेवा और शहर की स्वच्छता उनके लिए सर्वोपरि है। आधुनिक तकनीक और बेहतर प्रबंधन का यह संगम निश्चित रूप से अन्य शहरों के लिए भी एक मिसाल पेश करेगा। रामभक्तों से अपेक्षा की जाती है कि वे अनुशासित होकर इन सुविधाओं का उपयोग करें और हजारीबाग की इस ऐतिहासिक परंपरा को शांतिपूर्ण और स्वच्छ तरीके से संपन्न करने में जिला प्रशासन का सहयोग करें।