कांवड़ यात्रा और मोहर्रम पर कोई नई परंपरा न डाली जाए : एडीजी
बरेली। श्रावण मास, कांवड़ पात्रा और मोहर्रम को लेकर एडीजी रमित शर्मा ने मंगलवार को कार्यालय सभागार में समीक्षा बैठक की। उन्होंने सभी जिलों के अधिकारियों को पुलिस को हाई अलर्ट पर रहते हुए कानून व्यवस्था चुस्त-दुरुस्त बनाए रखने के निर्देश दिए है। एडीजी रमित शर्मा ने निर्देश दिए कि सभी थानों में त्योहार रजिस्टर का अवलोकन किया जाए। शांति समितियों और धर्मगुरुओं के साथ बैठकें करें और कोई नई परंपरा शुरू न करने दी जाए। उन संवेदनशील क्षेत्रों की जांच कर ली जाए जहां पर पूर्व में तनाव या विवाद हुआ हो। उच्चाधिकारी स्वयं मौके पर जाकर स्थिति की समीक्षा करें और आवश्यकता अनुसार पुलिस बल की रणनीतिक तैनाती सुनिश्चित की जाए। एडीजी ने निर्देश दिया कि ड्रोन कैमरों और रूफटॉप ड्यूटी के माध्यम से निगरानी की जाए। शिविर आयोजको से समयबद्ध समन्वय, डीजे एवं साउंड सिस्टम के मानकों का पालन, सीसीटीवी, कैमरे, प्रकाश व्यवस्था और आपत्तिजनक ऑडियो पर पूर्ण प्रतिबंध, अपराध नियंत्रण कर जनता से सीधे जुड़ने और रंजिशन हत्या और धार्मिक भावना से जुड़े मामलों की सूची बनाकर निरोधात्मक कार्रवाई करने के आदेश दिए है। उन्होंने कहा कि हत्या, लूट, डकैती जैसी वारदातों पर राजपत्रित अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे। गैंग और संगठित अपराधियों पर कठोर कार्रवाई हो। महिला अपराधों में त्वरित निस्तारण और सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाए। साइबर अपराध के बढ़ते खतरे के प्रति जनजागरूकता बढ़ाई जाए और तकनीकी दक्षता से अपराधों पर अंकुश लगाया जाए। शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि ही असली समाधान है, न कि केवल फाइलें बंद कर देना। सीएम हेल्पलाइन, पुलिस मुख्यालय और आईजीआरएस से प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित हो। उन्होंने जेटीसी प्रशिक्षण केंद्र में चल रहे नवप्रवेशी आरक्षियों के प्रशिक्षण कार्यक्रम की कार्ययोजना की समीक्षा भी की। डीआईजी अजय कुमार साहनी, एसएसपी बरेली अनुराग आर्य, एसपी बदायूं डॉ. वृजेश कुमार सिंह, एसपी शाहजहांपुर राजेश द्विवेदी, एसपी पीलीभीत अभिषेक यादव सहित अन्य अफसर मौजूद रहे।।
प्रवन पाण्डेय
जिला संवाददाता बरेली