नरेश सोनी
इंडियन टीवी न्यूज
ब्यूरो चीफ हजारीबाग।
हज़ारीबाग के बड़कागाँव में हाथियों का झुंड, ड्रोन कैमरे से ली गई मनमोहक तसवीरें वायरल!
बड़कागाँव/हज़ारीबाग : 14 जुलाई 2025 हज़ारीबाग जिले के बड़कागाँव प्रखंड अंतर्गत वन क्षेत्र में इन दिनों हाथियों का एक बड़ा झुंड देखा जा रहा है। लगभग 25 से 26 हाथियों का यह झुंड अपने शावकों सहित खेतों और जंगल के किनारे विचरण करता हुआ देखा गया। इस दृश्य को ड्रोन कैमरे के माध्यम से कैद किया गया, जिसकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रही हैं।
ड्रोन से ली गई तस्वीरों में हाथियों का यह झुंड शांत वातावरण में जंगल की हरियाली के बीच विचरण करता दिखाई देता है। कुछ हाथी कीचड़ में खेलते नजर आए तो कुछ अपने शावकों के साथ मस्ती करते दिखे। यह दृश्य ना केवल वन्यजीव प्रेमियों के लिए रोमांचकारी रहा, बल्कि पर्यावरण प्रेमियों के लिए भी एक सुखद अनुभूति लेकर आया।
वन विभाग के अनुसार, यह झुंड कई दिनों से बड़कागाँव, गोंदलपुरा, हरली और कांडतरी क्षेत्र में सक्रिय है। हालांकि, कुछ इलाकों में इस झुंड के कारण फसलों को नुकसान भी हुआ है। प्रशासन की ओर से हाथियों की निगरानी और लोगों को सतर्क करने हेतु वनकर्मियों की टीम तैनात की गई है।
वन विभाग ने यह भी कहा है कि स्थानीय ग्रामीणों को डरने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन सावधानी आवश्यक है। ड्रोन के माध्यम से निगरानी की जा रही है ताकि हाथियों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा सके।
क्या कहा वन विभाग ने:
“हाथी प्राकृतिक आवास से बाहर निकलकर आबादी की ओर बढ़ रहे हैं, यह मौसम परिवर्तन और भोजन की तलाश का संकेत हो सकता है। लेकिन गनीमत है कि इस झुंड ने अभी तक कोई आक्रामक रुख नहीं अपनाया है।”
वायरल हुई तस्वीरें:ड्रोन कैमरे से लिए गए दृश्य में हाथियों का परिवारिक प्रेम, जंगल की हरियाली और शांतिपूर्ण गतिविधियाँ स्पष्ट झलकती हैं। लोगों ने सोशल मीडिया पर इस दृश्य की तुलना “जंगल की कविता” से की है।
ग्रामीणों से अपील: प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे रात के समय खेतों की ओर अकेले ना जाएं और किसी भी प्रकार की सूचना तत्काल वन विभाग को दें। साथ ही, हाथियों के प्रति सह-अस्तित्व की भावना रखते हुए उन्हें परेशान ना करें।
निष्कर्ष: जहां एक ओर यह दृश्य प्राकृतिक सौंदर्य की मिसाल बन गया है, वहीं दूसरी ओर यह मानव और वन्यजीव के बीच संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता की भी याद दिलाता है। हाथियों का यह झुंड फिलहाल शांत है, परंतु प्रशासन की सतर्कता और ग्रामीणों का सहयोग ही क्षेत्र में सुरक्षा बनाए रख सकता है।