दित्यपाल राजपूत
टीकमगढ़ की दर्दनाक घटना ने खड़े किए सवाल
टीकमगढ़। बल्देवगढ़ थाना क्षेत्र में रविवार सुबह एक ऐसी घटना सामने आई जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। यहां एक मां ने अपने तीन साल के मासूम बेटे को तालाब में डुबोकर मौत के हवाले कर दिया और फिर तीन किलोमीटर दूर जाकर पेड़ पर फांसी लगाकर अपनी भी जान दे दी। घटना का कारण घरेलू विवाद और पति की शराबखोरी बताई जा रही है।
सुबह की खौफनाक शुरुआत
रविवार सुबह करीब 8 बजे के आसपास गांव वालों ने एक पेड़ पर महिला का शव लटका देखा। सूचना मिलते ही बल्देवगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और मृतका की शिनाख्त संतोषी राजपूत (24) निवासी केलपुरा गांव के रूप में की। कुछ ही देर बाद पुलिस को तालाब में बच्चे के शव की भी सूचना मिली। तालाब से निकाले गए शव की पहचान संतोषी के 3 साल के बेटे अभिजीत के रूप में हुई।
पति से विवाद बना मौत की वजह
पुलिस जांच में सामने आया कि संतोषी का पति नरेश पहले कियोस्क सेंटर चलाता था, लेकिन सेंटर बंद होने के बाद मजदूरी करने लगा। वह शराब का आदी था और आए दिन संतोषी से झगड़ा और मारपीट करता था। बताया गया कि शनिवार रात भी पति-पत्नी के बीच विवाद हुआ था। इसी विवाद के बाद संतोषी अपने बेटे को लेकर घर से बिना बताए निकल गई।
बेटी को घर छोड़ निकली थी मां
संतोषी के भाई राघवेंद्र राजपूत, निवासी कुड़याला ने बताया कि उसकी बहन के दो बच्चे हैं। बड़ी बेटी दिव्यांशी (5 वर्ष) को उसने घर में ही छोड़ दिया था जबकि छोटे बेटे अभिजीत को अपने साथ ले गई थी। रात को ही ससुराल पक्ष से फोन आया कि संतोषी बेटे को लेकर घर से निकल गई है। परिजन पूरी रात उसे ढूंढते रहे लेकिन सुबह उसकी मौत की खबर मिली।
गांव में मातम, हर आंख नम
घटना की जानकारी लगते ही पूरे गांव में मातम छा गया। हर कोई दंग रह गया कि आखिर एक मां ने अपने मासूम बेटे की हत्या के बाद खुद को भी क्यों मौत के हवाले कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि शराब की लत और आए दिन के विवाद से महिला परेशान थी।
पुलिस की जांच जारी
बल्देवगढ़ थाना प्रभारी प्रीति भार्गव ने बताया कि महिला और बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। शुरुआती जांच में यह मामला पारिवारिक विवाद और पति की शराब की लत से जुड़ा लग रहा है। पुलिस अब परिजनों से पूछताछ कर रही है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है।