समाहरणालय परिसर में शिशुपालना गृह का उद्घाटन; महिला कर्मचारियों को मिलेगी बड़ी राहत
हजारीबाग संवाददाता : समाहरणालय स्थित समाज कल्याण विभाग परिसर में बुधवार को एक बहुप्रतीक्षित शिशुपालना गृह का विधिवत उद्घाटन किया गया। भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की अतिरिक्त सचिव एवं नीति आयोग की केंद्रीय प्रभारी पदाधिकारी आराधना पटनायक ने इसका उद्घाटन किया।
आराधना पटनायक ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे जिला प्रशासन का एक ‘सराहनीय कदम’ बताया। उन्होंने कहा कि यह सुविधा कामकाजी महिलाओं को शिशुओं की चिंता से मुक्त होकर कार्यालयीन कार्यों में दक्षता से योगदान देने का अवसर प्रदान करेगी। यह व्यवस्था न केवल महिला कर्मचारियों के लिए, बल्कि जनता दरबार में आने वाली माताओं के लिए भी अत्यंत उपयोगी साबित होगी, जो अब अपने बच्चों को सुरक्षित वातावरण में रख सकेंगी।
स्तनपान कक्ष की भी व्यवस्था
शिशुपालना गृह के साथ ही समाहरणालय परिसर में माताओं की सुविधा के लिए एक स्वच्छ, सुरक्षित और निजी स्तनपान कक्ष की भी व्यवस्था की गई है, जहाँ माताएं सहज रूप से शिशुओं को स्तनपान करा सकेंगी।
उपायुक्त ने बताया महत्वपूर्ण कदम: उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह ने कहा कि शिशुपालना गृह का उद्घाटन ‘महिला अनुकूल कार्यस्थल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम’ है। उन्होंने जोर दिया कि अब माताएं निश्चिंत होकर अपने कार्य में योगदान दे सकती हैं, जिससे हजारीबाग हर महिला के लिए ‘सशक्त और समर्थ’ बनेगा।
सामान्य शाखा प्रभारी सना उस्मानी और महिला पर्यवेक्षिका संगीता ने भी इस पहल पर हर्ष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शिशुपालना गृह और स्तनपान कक्ष जैसी सुविधाएँ महिलाओं के आत्मविश्वास को बढ़ाती हैं और उन्हें सहजता से अपनी जिम्मेदारियाँ निभाने में मदद करती हैं। इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम बताया गया।
इस अवसर पर उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह, उप विकास आयुक्त इस्तियाक अहमद, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी सहित कई वरीय पदाधिकारी एवं महिला कर्मचारी उपस्थित थे।
इस सुविधा को कार्यस्थल पर महिलाओं के अनुकूल वातावरण बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।