रिपोर्टर अनिल सोनी
बहराइच 16 अक्टूबर। कृषकों की समस्याओं के निराकरण हेतु विकास भवन सभागार में आयोजित किसान दिवस बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्य विकास अधिकारी मुकेश चन्द्र ने किसान दिवस में आये किसानों से पूर्व किसान दिवस में आयी शिकायतों की बिन्दुवार समीक्षा की। इसके उपरान्त सीडीओ ने कहा कि जनपद बहराइच कृषि प्रधान जनपद है सभी किसानों को समय से खाद, बीज केसीसी व प्रधानमंत्री फसल बीमा से आच्छादित किया जा रहा है। इसमें आने वाली समस्याओं को प्राथमिकता प्रदान कर दूर करने का पूर्ण प्रयास किया जा रहा है। कृषि को लाभाकारी बनाये जाने का सुझाव दिया। उन्होनें किसानों से कहा कि वे कैश क्राप की फसले लें, जिससे उन्हें अधिक से अधिक आय प्राप्त हो सके। सीडीओ ने जिले के सभी किसानों से अनुरोध किया कि वे वर्तमान धान की कटाई, मड़ाई के बाद फसल अवशेषों को न जलाये अपितु इनसीटू यंत्रों का प्रयोग कर उसका प्रबन्धन कर खेतों में मिलाकर खेत की उर्वक शक्ति बढ़ाकर अधिक उत्पादन प्राप्त करें। सीडीओ ने बैठक में उपस्थित कम्बाईन हारर्वेस्टर मालिकों से कहा कि वे अपने कम्बाईन मशीन के साथ रिपर का प्रयोग कर फसलों की कटाई करें। अन्यथा बिना रिपर के कटाई करते हुए पाये जाने पर आपका कम्बाईन सीज कर दिया जायेगा तथा अन्य विधिक कार्यवाही की जायेगी। उन्होनें जनपद के सभी कृषक उत्पादक संगठनों से पराली प्रबन्धन हेतु अपने से जुड़े किसानों तथा आस-पास के किसानों को पराली जलाने से रोके तथा पराली प्रबन्धन के फायदे बताये जिससे मानव एवं पर्यावरण स्वस्थ्य रहे तथा भूमि की उर्वरा शक्ति बनी रहे। सीडीओ ने मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, कन्या सुमंगला योजना सहित अन्य योजनाओं में आवेदन प्रकिया की जानकारी दी। उन्होनें कहा कि मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना पोर्टल पर ऐसे व्यक्ति/बच्चों जिनके मां/बाप की मृत्यु हो जाती है उन्हें रूपये चार हजार प्रतिमाह सरकार मदद दे रही है। इसी प्रकार मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना पोर्टल पर आवेदन कर सकते है। इसी प्रकार कन्या सुमंगला योजना के तहत बच्चियों के पैदा होने पर रूपये 05 हजार की सहायता सरकार दे रही है। स्कूली शिक्षा से लेकर अन्य कार्यो हेतु रूपये 25 हजार तक का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
उप कृषि निदेशक विनय कुमार वर्मा ने जनपद के किसान भाईयों से पराली न जलाये जाने की अपील की तथा कहा कि किसान भाई पराली प्रबन्धन यंत्रो जैसे स्ट्रारीपर, सेलेसर, सुपर सीटर, मल्चर, रोटावेटर आदि कृषि यंत्रों का उपयोग कर पराली अवशेषों को खेत में मिला दें। इससे पराली प्रबन्धन के साथ-साथ भूमि की उर्वरा शक्ति में वृद्धि होगी तथा अधिक उत्पादन प्राप्त हो सकेगा। डीडी एग्रीकल्चर ने बताया कि वर्तमान में राई सरसों बीज मिनीकिट की आनलाइन बुकिंग हो रही है। अधिक से अधिक किसान इसका लाभ उठाये। उन्होनें कम्बाईन हार्वेस्टर मालिकान से अनुरोध किया कि अपने कम्बाईन मशीन के साथ इनसीटू यंत्रो का प्रयोग अवश्य करें। क्षेत्रीय भ्रमण के दौरान बिना इनसीटू यंत्रों का प्रयोग किये कम्बाईन संचालित की जायी पाई जाती है तो कम्बाईन मशीन सीज कर दी जायेगी।
जिला उद्यान अधिकारी ने उपस्थित किसानों को बताया कि केले के पौध पर अनुदान देने हेतु केला खरीद बिल बाउचर के साथ अपना आवेदन जिला उद्यान अधिकारी कार्यालय में जमा करने पर केले पर अनुदान दिया जायेगा। मुख्य विकास अधिकारी ने जिला उद्यान अधिकारी बहराइच को निर्देश दिया कि केले की एमएसपी निर्धारण हेतु जिलाधिकारी महोदय की ओर से शासन को पत्र भेजा जायेगा। बैठक में लालता प्रसाद गुप्ता, बब्बन सिंह सहित कई किसानों द्वारा जिला कृषि अधिकारी डॉ सुबेदार यादव से वर्तमान रबी में उर्वकों की उपलब्धता सुनिश्चित करा ली जाय। जिससे कृषको के मध्य कोई समस्या न आये। प्रगतिशील कृषक शिवशंकर सिंह ने विकास खण्ड मिहींपुरवा में सभी कोआपरेटिव समितियों को वर्तमान रबी में खाद उपलब्धता कराने की अपेक्षा की। मिहींपुरवा में धान क्रय केन्द्र स्थापित न होने से वहां के किसान औने-पौने मूल्य पर लखीमपुर, सीतापुर में अपना धान विक्रय किया जा रहा है कई किसानों द्वारा चिलवरिया चीनी मिल के पुराने बकाया भुगतान कराये जाने की मांग की गयी। जिला गन्नाधिकारी ने बताया कि इस चिलवरिया चीनी मिल के उपर शासन द्वारा आवश्यक कार्यवाही कर रहा है शीघ्र ही गन्ना मूल्य बकाया भुगतान कराया जायेगा। कृषक बब्बन सिंह ने राजापुर माईनर को चालू कराने का अनुरोध किया गया।इस अवसर पर भूमि संरक्षण अधिकारी डॉ. सौरभ वर्मा, उपसंभागीय कृषि प्रसार अधिकारी शिशिर कुमार वर्मा, जिला गन्ना अधिकारी आनंद शुक्ला, लीड बैंक प्रबन्धक जितेन्द्र कुमार मसंद, जिला उद्यान अधिकारी दिनेश चौधरी, ए.आर. को-आपरेटिव संजीव कुमार तिवारी, के.वी.के बहराइच के डॉ. शैलेन्द्र सिंह, केबीके नानपारा हेड डॉ संदीप कुमार, अवर अभियन्ता नलकूप अजय कुमार, अधिशसी अभियन्ता सरजू नहर खण्ड नानपारा मलखान सिंह एवं प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अमन मौर्या, पशुपालन विभाग के डॉ मो शकील, दुग्ध के जयप्रकाश श्रीवास्तव, मण्डी समिति के आत्मा शाह गुप्ता, खनिज सहायक हरीबंश लाल, सहायक निदेशक मत्स्य बाबूराम, विद्युत विभाग के दिलीप जायसवाल सहित अन्य विभागों के जनपद स्तरीय अधिकारी, कृषक उत्पादक संगठनों के निदेशक सहित बहुत से प्रगतिशील कृषक उपस्थित रहे।