दुद्धी सोनभद्र। लोकसभा में सोनभद्र के सांसद छोटे लाल खरवार ने उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में पंचायत चुनावों में अनुसूचित जनजाति (एसटी) आरक्षण की अनियमितताओं पर जोरदार तरीके से आवाज बुलंद की। उन्होंने सदन में सभापति को संबोधित करते हुए कहा कि एसटी बहुल क्षेत्रों में जनसंख्या के अनुपात में प्रधान, बीडीसी, जिला पंचायत सदस्य और ब्लॉक प्रमुख पदों पर आरक्षण नहीं दिया गया है।
सांसद खरवार ने 2020 के पंचायत चुनावों का हवाला देते हुए बताया कि जहां एसटी बहुल क्षेत्र नहीं हैं, वहां उल्टा एसटी को आरक्षण दे दिया गया। उन्होंने चुनाव आयोग पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहा सोनभद्र में एसटी की आबादी 21-22 प्रतिशत है, लेकिन आयोग ने गलती की है।आगामी 2026 के पंचायत चुनावों से पहले इस व्यवस्था में सुधार की मांग की।
उन्होंने भाजपा पर भी निशाना साधा कि पार्टी दलितों और आदिवासियों का वोट तो लेती है, लेकिन इन क्षेत्रों के मुद्दों पर चुप्पी साधे रहती है। सांसद ने सभापति से अपील की कि उनके माध्यम से इस गलती को सुधारा जाए, ताकि सोनभद्र के आदिवासी समुदाय को उनका हक मिल सके।
सोनभद्र जिले में एसटी आबादी का बड़ा हिस्सा होने के बावजूद आरक्षण व्यवस्था में हो रही इन अनियमितताओं ने स्थानीय स्तर पर लंबे समय से विवाद खड़ा कर रखा है। सांसद की इस पहल से जिले के आदिवासी वोटरों में उम्मीद जगी है कि लोकसभा के माध्यम से न्याय मिलेगा।
सोनभद्र, तहसील रिपोर्टर दुद्धी, विवेक सिंह