इंडियन टीवी न्यूज़, संवाददाता बरेली
बरेली।
गरीबों के हक के राशन पर डाका डालने वाले कोटेदारों पर अब पूर्ति विभाग का शिकंजा कसने लगा है। ऑनलाइन मशीन में पूरी तोल दिखाकर निजी कांटे पर दो से तीन किलो राशन कम देने वाले आधा दर्जन कोटेदार विभाग के रडार पर आ गए हैं। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद जून माह में होने वाले राशन वितरण के दौरान विभागीय टीम मौके पर पहुंचकर कार्डधारकों के बयान दर्ज करेगी और सुबूत मिलने पर घटतौली करने वाले कोटेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सरकार ने गरीबों को मिलने वाले मुफ्त राशन में पारदर्शिता लाने के लिए पॉश मशीन को ई-वेटिंग मशीन से जोड़ रखा है, ताकि उपभोक्ता को पूरा राशन मिल सके। लेकिन कुछ कोटेदार सरकारी व्यवस्था को धता बताते हुए ऑनलाइन रिकॉर्ड में पूरी तोल दिखा रहे हैं, जबकि हकीकत में निजी कांटे पर राशन कम तौला जा रहा है। आरोप है कि कई जगह उपभोक्ताओं से हर महीने दो से तीन किलो तक राशन काटा जा रहा है।
कार्डधारकों ने लंबे समय से प्रशासन और पूर्ति विभाग से शिकायतें की थीं। शिकायतों की संख्या बढ़ने पर विभाग हरकत में आया है। सूत्रों के मुताबिक कई कोटेदारों के खिलाफ प्राथमिक स्तर पर शिकायतें सही पाई गई हैं। अब जून माह के वितरण के दौरान विभागीय टीम औचक निरीक्षण करेगी और मौके पर ही लाभार्थियों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
पूर्ति विभाग के अधिकारियों का कहना है कि गरीबों के राशन में किसी भी तरह की हेराफेरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने वाले कोटेदारों के लाइसेंस निरस्त करने तक की कार्रवाई हो सकती है।
क्षेत्र में इस कार्रवाई की खबर फैलते ही कई कोटेदारों में हड़कंप मचा हुआ है।