कंधमाल के दुर्लभ जुड़े सिर वाले बच्चे ने तोड़ी दम: एमकेसीजी में इलाज के दौरान मौत।
ब्रह्मपुर, (ओडिशा): महाराजा कृष्ण चंद्र गजपति (एमकेसीजी) मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में लगातार 7 दिनों के जीवन संघर्ष के बाद आखिरकार दुर्लभ जुड़े सिर वाले नवजात शिशु ने अपनी आखिरी सांस ली। पिछले कुछ दिनों से बच्चे की हालत नाजुक बनी हुई थी और कल देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
गौरतलब है कि कंधमाल जिले के तुमूड़ीबंध ब्लॉक के गुम्मा ग्राम पंचायत की एक महिला ने पिछले रविवार (11 तारीख) की रात इस बच्चे को जन्म दिया था। बच्चे का एक शरीर और दो सिर थे। चिकित्सा विज्ञान की भाषा में इस दुर्लभ स्थिति को ‘डाईसेफेलिक पैरापेगस’ (Dicephalic Parapagus) कहा जाता है।
जन्म के बाद बच्चे की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे तुरंत ब्रह्मपुर के एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज स्थानांतरित किया गया था। अस्पताल के बाल रोग विभाग के विशेष नवजात शिशु देखभाल इकाई (SNCU) में रखकर उसका इलाज किया जा रहा था। वरिष्ठ डॉक्टरों की एक विशेष टीम बच्चे के स्वास्थ्य पर लगातार नजर बनाए हुए थी। लेकिन बच्चे का एक ही शरीर और एक ही दिल होने के साथ-साथ दो सिर थे, जिसके कारण उसके अंग सामान्य रूप से काम नहीं कर पा रहे थे। डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद आखिरकार बच्चा जिंदगी की जंग हार गया। इस दुर्लभ बच्चे की मौत के बाद स्थानीय इलाके और अस्पताल परिसर में शोक की लहर दौड़ गई है।
