जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण आज नगर की सबसे भीषण समस्या जो नगर दो को भागों में बांट दी है रेलवे का समपार फाटक जो बड़ी समस्यो का पर्याय बन चुका है नगर का कहा जाने वाला सिवनी फाटक यह रेलवे का सम पार नैनपुर को दो भागों में बांटता है नगर के कुछ मोहल्ले कालोनिया शासकीय कार्यालय फाटक के इस पार है और कुछ फाटक के उस पार है हर थोड़ा देर में ज्यादातर माल गाड़ियों की आवाजाही से गेट का बंद होना समस्या का विषय बन चुका है जब मालगाड़ी अधिक डिब्बों के साथ आती है उस वक्त स्टेशन होने की वजह से स्पीड कम कर दी जाती है फिर गेट खोलने में अधिक समय लगता है जिससे लोगों में खासी परेशानियां का सामना करना पड़ रहा है यहां तक देखा गया है की एक ट्रेन के निकलते ही कुछ मिनटों बाद फिर गेट बंद का हो जाना लोगों में परेशानी का पर्याय बन चुका है लोगों का मानना है कि इससे बेहतर अच्छी सुविधा तो हमारी नैरो गेज में थी हम नगर वासियों के द्वारा आंदोलन कर आज इसे ब्रॉडगेज बनाने में हमारी भूल थी जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के चलते आज भी नैनपुर नगर क्षेत्र का विकास नहीं हो पाया है यह मार्ग मुख्य मार्ग होने की वजह से गेट बंद होते ही लोगों के जरूरी कार्य स्थगित हो जाते हैं हमेशा देखने को मिलता है एंबुलेंस जैसी जरूरी व्यवस्थाएं भी इस जाम की स्थिति में फसी होती है जिले की मांग को दरकिनार कर कम से कम जनता के लिए जनता द्वारा ओवर ब्रिज के लिए प्रतिनिधियों की तरफ आस लगाए बैठे हैं लोगों का मानना है कि अगर यह है गेट बंद होने की समस्या की वजह यात्री ट्रेनें होती तो इस बात का अफसोस ना होता कि हमारा वक्त व्यर्थ गया लेकिन बंद होने की ज्यादातर वजह माल गाड़ियों की आवाजाही से होता है हम पहले नैरो गेज में ही खुश थे ब्रॉडगेज होना नगर के लिए सरदर्द|
ब्यूरो चीफ डीसी गौतम