जिलाधिकारी व एसपी ने चौपाल लगाई, जनता से सीधे संवाद कर समस्याएं सुनीं। सुशासन सप्ताह एवं प्रशासन गांव की ओर अभियान के तहत जिला प्रशासन सचमुच गांवों तक पहुंचकर शासन की मंशा को जमीनी हकीकत में बदलता दिखाई दिया।जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार महेवा ब्लॉक के ग्राम नूरपुर पहुंचे, जहां उन्होंने चौपाल लगाकर ग्रामीणों से सीधे संवाद किया और गांव की गलियों में पैदल घूमकर समस्याओं का जायजा लिया। अधिकारियों ने बुजुर्गों, युवाओं व बच्चों से आत्मीय बातचीत कर केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं की जानकारी दी तथा बताया कि इनका लाभ किस प्रकार आसानी से प्राप्त किया जा सकता है। ग्रामीणों ने गांव में जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने की समस्या रखी। जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि इस कार्य को प्राथमिकता में लेकर प्रॉपर ड्रेनेज सिस्टम सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही गांव में मौजूद पुराने कुओं के संरक्षण एवं पुनर्जीवन के निर्देश भी दिए, ताकि जल संरक्षण के साथ ग्रामीण विरासत भी सुरक्षित रह सके। पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार ने ग्रामीणों से कानून-व्यवस्था व सुरक्षा को लेकर संवाद किया और भरोसा दिलाया कि पुलिस हर समय जनता के साथ है। ग्राम नूरपुर में प्रशासन की यह पहल ग्रामीणों के लिए विश्वास, संवाद और विकास का नया संदेश बनी। यह अभियान इस बात का प्रमाण बना कि सरकार केवल कागजों पर नहीं, बल्कि जमीन पर उतरकर जनता की समस्याएं सुनकर समाधान कर रही है। इस दौरान डीसी मनरेगा रामेन्द्र सिंह, खंड विकास अधिकारी संदीप मिश्रा समेत संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
(अनिल कुमार ओझा ब्यूरो प्रमुख उरई-जालौन) उत्तर प्रदेश