नरेश सोनी इंडियन टीवी न्यूज नेशनल ब्यूरो हजारीबाग
हजारीबाग में आगामी नगरपालिका आम निर्वाचन को लेकर चुनावी सरगर्मियां अपने चरम पर हैं। इसी बीच, लोकतंत्र के इस महापर्व को पूरी तरह से निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने अपनी कमर कस ली है। चुनाव कार्य में तैनात सभी अधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों को उनके दायित्वों का बोध कराने के लिए स्थानीय पुलिस लाइन परिसर में एक वृहद और महत्वपूर्ण ब्रीफिंग का आयोजन किया गया। इस महा-मंथन में सेक्टर दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, चौकीदार, होमगार्ड और झारखंड सशस्त्र पुलिस बल के जवानों ने हिस्सा लिया, जिन्हें चुनाव के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने और सुचारू मतदान सुनिश्चित करने के लिए विशेष रूप से प्रशिक्षित किया गया।
इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त श्री शशि प्रकाश सिंह और पुलिस अधीक्षक श्री अंजनी अंजन ने उपस्थित सभी पदाधिकारियों और सुरक्षा बलों के जवानों को चुनावी महासमर के लिए आवश्यक और कड़े दिशा-निर्देश दिए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारियों और पुलिस कर्मियों की विधिवत टैगिंग पूरी कर ली गई है। अब सभी को एक साझा लक्ष्य के साथ काम करना है। यह विशेष रूप से निर्देशित किया गया कि मतपत्र प्राप्त करने से लेकर मतदान केंद्रों पर शांतिपूर्ण तरीके से वोटिंग कराने और अंततः मतपेटिकाओं को पूर्ण सुरक्षा के बीच वज्रगृह में जमा करने तक, पूरी टीम एक साथ और पूर्ण समन्वय के साथ कार्य करेगी। इस प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
चुनाव के दौरान आवागमन और सुरक्षा गश्ती को लेकर भी बेहद सख्त हिदायत दी गई है। सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में कहा गया है कि वे वाहनों के लिए पूर्व निर्धारित रूट चार्ट का ही सख्ती से पालन करें। पोलिंग पार्टी और पेट्रोलिंग पार्टी के बीच बेहतरीन तालमेल और टीम भावना को चुनाव की सफलता की कुंजी बताया गया। प्रशासन का मुख्य जोर इस बात पर है कि हर एक कर्मी अपने निर्धारित कर्तव्य और उत्तरदायित्व का निर्वहन पूरी निष्ठा और मुस्तैदी के साथ करे, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को पनपने से पहले ही रोका जा सके।
सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए सभी सेक्टर दंडाधिकारियों को मतदान के दिन अपने-अपने बूथ क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहने का कड़ा निर्देश दिया गया है। चप्पे-चप्पे पर पैनी नजर रखने के लिए निरंतर गश्त अनिवार्य की गई है, ताकि पूरी चुनाव प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे। साथ ही, किसी भी प्रकार की आकस्मिक समस्या या विशेष परिस्थिति उत्पन्न होने पर बिना एक पल भी गंवाए जिला नियंत्रण कक्ष के दूरभाष नंबरों पर तत्काल सूचना देने का आदेश पारित किया गया है। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा तय किए गए हर एक प्रोटोकॉल का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करने के संकल्प के साथ इस बैठक का समापन हुआ, जिसमें सामान्य प्रेक्षक, उप विकास आयुक्त, सदर अनुमंडल पदाधिकारी, अपर समाहर्ता सहित कई अन्य वरीय अधिकारी भी मौजूद रहे।