उदरा टीम बनी चैंपियन
पाली जिले के दिवान्दी गांव में पिछले तीन दिनों से चल रही रोमांचक क्रिकेट प्रतियोगिता का आज शानदार समापन हुआ ग्रामीण स्तर पर आयोजित इस टूर्नामेंट ने स्थानीय युवाओं में खेल भावना को बढ़ावा दिया और पूरे इलाके में उत्साह की लहर पैदा की आज खेले गए ग्रैंड फाइनल में उदरा टीम ने दिवान्दी टीम को हराकर खिताब अपने नाम किया, जबकि दिवान्दी टीम दूसरे स्थान पर रही
तीसरे स्थान पर विष्णु नगर धानदिया टीम ने कब्जा जमाया
टूर्नामेंट का अवलोकनयह क्रिकेट प्रतियोगिता दिवान्दी गांव में 27 फरवरी से शुरू हुई थी, जिसमें आसपास के गांवों से कुल 16 टीमों ने हिस्सा लिया तीन दिनों तक चले मुकाबलों में खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग के रोमांचक पल देखने को मिले
टूर्नामेंट का उद्देश्य ग्रामीण युवाओं को खेल के माध्यम से एकजुट करना और नशा मुक्त समाज की दिशा में प्रेरित करना था आयोजकों के अनुसार, इस तरह के आयोजन गांव में सकारात्मक ऊर्जा पैदा करते हैं और युवाओं को सही दिशा प्रदान करते हैं।ग्रैंड फाइनल: उदरा vs दिवान्दीटूर्नामेंट का climax आज ग्रैंड फाइनल के रूप में खेला गया, जिसमें उदरा और दिवान्दी टीम आमने-सामने थीं मैच बेहद रोमांचक रहा, जहां दिवान्दी टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित ओवरों में 82 रन बनाए हालांकि, उदरा टीम ने शानदार चेज़ करते हुए लक्ष्य को हासिल कर लिया और जीत दर्ज की
उदरा के खिलाड़ियों की आक्रामक बल्लेबाजी और कसी हुई गेंदबाजी ने मैच का रुख पलट दिया
मैच के दौरान दर्शकों की भीड़ ने स्टेडियम जैसा माहौल बना दिया, जहां हर चौके-छक्के पर तालियां गूंजती रहीं।उदरा टीम की जीत के बाद खिलाड़ियों में खुशी की लहर दौड़ गई। टीम के कप्तान ने कहा, “यह जीत पूरे गांव की मेहनत का नतीजा है। हमने टीम वर्क से यह मुकाम हासिल किया।” वहीं, दिवान्दी टीम के खिलाड़ियों ने भी स्पोर्ट्समैनशिप दिखाते हुए विजेता टीम को बधाई दी।पुरस्कार वितरण और अतिथिसमापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में दिवान्दी सरपंच प्रतिनिधि मौजूद रहे। विशेष अतिथियों में मनोर दास वैष्णव, दीपक बामनिया, अशोक पटेल, दिलीप पटेल, मदन मेघवाल, सोहन जोधा, विसन सिंह राव, मेहेंद्र मेघवाल सहित कई प्रमुख ग्रामीण युवा और गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए
अतिथियों ने विजेता टीम को ट्रॉफी, नकद पुरस्कार और मेडल प्रदान किए
दूसरे और तीसरे स्थान पर रहने वाली टीमों को भी सम्मानित किया गया।अतिथियों ने अपने संबोधन में खेल की महत्वता पर जोर दिया। दीपक बामनिया ने कहा, “ऐसे आयोजन ग्रामीण क्षेत्रों में युवाओं को सशक्त बनाते हैं और सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं
” वहीं, सोहन जोधा ने टूर्नामेंट की सफलता पर खुशी जताई और भविष्य में और बड़े स्तर पर आयोजन करने की बात कही।आयोजक और सहयोगीइस सफल आयोजन के पीछे मुख्य भूमिका निभाने वाले सोहन जोधा, मुकेश पटेल, रामलाल पटेल, जुझार बिश्नोई, कानाराम गोयल सहित अन्य आयोजकों की सराहना की गई
उन्होंने टूर्नामेंट को सुचारू रूप से चलाने के लिए अथक प्रयास किए ग्रामीणों का सहयोग भी सराहनीय रहा, जिन्होंने मैदान की व्यवस्था से लेकर दर्शकों की सुविधा तक हर पहलू पर ध्यान दिया।ग्रामीण खेलों का महत्वयह टूर्नामेंट पाली जिले के ग्रामीण इलाकों में क्रिकेट की लोकप्रियता को दर्शाता है। स्थानीय स्तर पर ऐसे आयोजन न केवल मनोरंजन प्रदान करते हैं बल्कि युवाओं को प्रतिस्पर्धा की भावना सिखाते हैं
आयोजकों ने आगामी वर्षों में और अधिक टीमों को शामिल करने की योजना बनाई है, ताकि यह प्रतियोगिता जिला स्तर पर पहचान बना सके।समापन के साथ ही दिवान्दी गांव में उत्सव का माहौल छा गया। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि ऐसे आयोजन नियमित रूप से होते रहें