जनजातीय कला एवं हस्तशिल्प के संरक्षण-संवर्धन पर जोर, शिल्पकारों को पंजीयन, प्रशिक्षण एवं विपणन सहायता की दी गई जानकारी
पांढुर्णा/ 15 जुलाई 2026/जिला पांढुर्णा में जनजातीय कार्य विभाग द्वारा जनजातीय शिल्पकारों को शासन की विभिन्न योजनाओं से जोड़ने तथा उनके पारंपरिक हस्तशिल्प एवं कौशल को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से जनजातीय शिल्पकार पंजीयन मेले का आयोजन किया गया। मेले में बड़ी संख्या में जनजातीय शिल्पकारों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए अपना पंजीयन कराया और विभागीय योजनाओं एवं उपलब्ध सुविधाओं की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।कार्यक्रम के दौरान भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष श्री संदीप मोहोड ने जनजातीय शिल्पकारों को संबोधित करते हुए कहा कि शासन द्वारा जनजातीय समुदाय के आर्थिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने शिल्पकारों से इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ लेने, अपनी पारंपरिक कला एवं हस्तशिल्प का संरक्षण करने तथा पंजीयन के माध्यम से शासन द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे अवसरों का लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने जनजातीय कला एवं हस्तशिल्प के संरक्षण एवं संवर्धन के महत्व पर भी प्रकाश डाला।इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्रीमती ज्योति ठाकुर, संयुक्त कलेक्टर सुश्री मेघा शर्मा, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) पांढुर्णा श्रीमती अलका एक्का, जनजातीय विकास अधिकारी श्री उमेश सातनकर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।कार्यक्रम में भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष श्री संदीप मोहोड, सभापति श्री महेंद्र घोड़े, मंडल अध्यक्ष श्री प्रकाशचंद छगानी, पार्षद श्री दुर्गेश उइके, श्री प्रदीप कामदार एवं श्री सतीश बांबल सहित अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति रही। साथ ही बड़ी संख्या में जनजातीय शिल्पकारों ने मेले में सहभागिता की।मेले के दौरान विभागीय अधिकारियों द्वारा जनजातीय शिल्पकारों को पंजीयन प्रक्रिया, विभिन्न शासकीय योजनाओं, प्रशिक्षण, विपणन सहायता तथा अन्य उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। साथ ही पात्र हितग्राहियों को अधिक से अधिक संख्या में पंजीयन कराने के लिए प्रेरित किया गया, ताकि वे शासन की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।