दुद्धी सोनभद्र। दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री एवं एससी/एसटी आयोग के उपाध्यक्ष जीत सिंह खरवार ने बुधवार को अमवार स्थित फील्ड हॉस्टल में कनहर सिंचाई परियोजना की प्रगति की समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने विस्थापितों की समस्याएं भी सुनीं। बैठक में उन्होंने अधीक्षण अभियंता एसएन पांडेय से परियोजना में चल रहे कार्यों की प्रगति की जानकारी ली।अधीक्षण अभियंता ने बताया कि मुख्य नहर का निर्माण कार्य चल रहा है और किसानों से भूमि की रजिस्ट्री कराई जा रही है। शेष 257 विस्थापितों का प्रशासनिक सत्यापन पूरा होने के बाद पुनर्वास पैकेज का वितरण किया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि किसानों की सुविधा को देखते हुए नहरों को पाइपलाइन में कन्वर्ट करने की तैयारी चल रही है।बैठक में विस्थापितों ने शिकायत की कि मुख्य नहर के निर्माण में किसानों की रजिस्ट्री की गई भूमि से अधिक जमीन का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने सपा सरकार के कार्यकाल में विस्थापितों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने, विस्थापित कॉलोनी को ग्राम पंचायत का दर्जा देकर विकास कार्य कराने तथा बिजली, पानी, सड़क और शौचालय की बेहतर व्यवस्था कराने की मांग रखी। ग्रामीणों ने डैम के नीचे तथा लाम्बी और गोहड़ा गांव में पुल निर्माण की मांग भी की, जिससे आवागमन की दूरी कम हो सके।राज्य मंत्री ने कहा कि मुख्य नहर निर्माण में किसानों को उचित मुआवजा नहीं मिलने की शिकायतें सामने आ रही हैं। रजिस्ट्री की गई भूमि से अधिक जमीन का इस्तेमाल किए जाने की शिकायतों का भी निस्तारण कराया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों की भूमि का इस्तेमाल नियमानुसार हो और उचित मुआवजा सुनिश्चित किया जाए।उन्होंने कहा कि विस्थापित परिवारों की कॉलोनी में बिजली, पानी और सड़क की सुदृढ़ व्यवस्था होनी चाहिए। पुनर्वास कॉलोनी को नगर पंचायत का दर्जा दिलाने के लिए मुख्यमंत्री से वार्ता की गई है। विस्थापितों पर दर्ज मुकदमों की वापसी के लिए भी पूरा प्रयास किया जाएगा।बैठक में अधिशासी अभियंता विनोद कुमार, नायब तहसीलदार भूपेंद्र सिंह, चांद प्रकाश जैन, सुरेंद्र अग्रहरि, दीपक कुमार, ईश्वर प्रसाद निराला, फनेश्वर जायसवाल आदि मौजूद रहे।
राज्य मंत्री ने पीड़ित परिवार से की मुलाकात
अमवार चौकी क्षेत्र में कनहर बांध में बीते 25 अगस्त को आदिवासी छात्रा अंजली की डूबने से हुई मौत के मामले में बुधवार को राज्य मंत्री जीत सिंह खरवार ने विस्थापित कॉलोनी पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने मृतका के पिता रमाशंकर और उनकी पत्नी से घटना की जानकारी लेकर ढाढ़स बंधाया।परिजनों ने आरोप लगाया कि मामले में पुलिस गंभीरता से कार्रवाई नहीं कर रही है। उन्होंने बताया कि घटना से पहले अंजली के मोबाइल पर एक नंबर से लगातार फोन और मैसेज आ रहे थे। घटना के दिन वह अकेली थी। राज्य मंत्री ने मामले की गंभीरता से जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया।उन्होंने मौके पर मौजूद वरिष्ठ उपनिरीक्षक संजय सिंह को संबंधित मोबाइल नंबर को सर्विलांस के जरिए ट्रेस कर जांच आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
जनचौपाल में ग्रामीणों ने रखीं समस्याएं
राज्य मंत्री जीत सिंह खरवार ने आज बुधवार को दुद्धी ब्लॉक क्षेत्र के नगवा गांव स्थित पंचायत भवन में जनचौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान किसानों ने कनहर परियोजना की मुख्य नहर निर्माण में जबरन भूमि लिए जाने का आरोप लगाया।ग्रामीणों ने गांव का सामुदायिक शौचालय करीब आठ महीने से बंद होने, पंचायत भवन के नियमित रूप से नहीं खुलने, लाखों रुपये की लागत से बनी वन वाटिका के क्षतिग्रस्त होने तथा वनाधिकार पट्टा नहीं मिलने की शिकायत की।
राज्य मंत्री ने उपजिलाधिकारी अशोक गुप्ता को किसानों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कराने के निर्देश दिए। वहीं डीपीआरओ को फोन कर सामुदायिक शौचालय सहित अन्य समस्याओं के तत्काल समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने ग्रामीणों को बताया कि नगवा गांव के शेष 252 आदिवासियों को आने वाले दिनों में जोत-कोड़ के आधार पर पट्टा वितरित किया जाएगा।इस दौरान उपजिलाधिकारी अशोक गुप्ता, हरिकिशुन खरवार, धरमजीत खरवार, ईश्वरी प्रसाद, भीम कुमार सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और क्षेत्रीय लेखपाल मौजूद रहे।