मोरड़ा, 20/9: मयूरभंज जिले के मोरड़ा ब्लॉक अंतर्गत जुआलीभंगा पंचायत के भैरंगिशोल गांव के ग्रामीण इन दिनों विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में न तो बेहतर सड़क की व्यवस्था है और न ही पेयजल की समुचित सुविधा उपलब्ध है।कुछ दिनों पहले हुई लगातार बारिश के कारण आसपास के खेतों और तालाबों का पानी सड़क के ऊपर से बहने लगा। इससे लव हांसदा के घर से लक्ष्मण मारांडी के घर तक जाने वाली मुख्य सड़क पर दो स्थानों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। ग्रामीणों के अनुसार, इस संबंध में पंचायत प्रशासन से लेकर ब्लॉक प्रशासन तक सड़क की मरम्मत की मांग की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।ग्रामीण दुर्गा हांसदा, छोटराय मुर्मू, सोमनाथ मारांडी सहित अन्य लोगों ने पंचायत कार्यालय में भी शिकायत की थी। इसके बावजूद सड़क की मरम्मत नहीं होने से ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।इस रास्ते से प्रतिदिन छात्र-छात्राएं स्कूल और कॉलेज के अलावा ग्रामीण अस्पताल तथा ब्लॉक कार्यालय तक आते-जाते हैं। समस्या को देखते हुए गांव के कुछ युवाओं ने मिलकर क्षतिग्रस्त हिस्से पर बांस का अस्थायी पुल बना दिया है। इसी बांस के पुल से लोग डरते-डरते पैदल आवागमन करने को मजबूर हैं।ग्रामीणों का कहना है कि चुनाव के समय कई नेता वोट मांगने गांव पहुंचते हैं, लेकिन परेशानी के समय कोई उनकी सुध लेने नहीं आता। इसी को लेकर ग्रामीणों ने वर्ष 2027 में होने वाले पंचायत चुनाव में मतदान बहिष्कार करने का निर्णय लेने की बात कही है।बताया गया है कि गांव में करीब 500 से अधिक आदिवासी लोग निवास करते हैं। ग्रामीणों ने कहा कि यदि सड़क की जल्द मरम्मत नहीं की गई तो गांव में किसी प्रकार की आपात स्थिति उत्पन्न होने पर एंबुलेंस या अग्निशमन विभाग के वाहन का पहुंचना मुश्किल हो सकता है।इस संबंध में मोरड़ा ब्लॉक की सहायक अभियंता सागरीका मुर्मू से प्रतिक्रिया लेने पर उन्होंने कहा कि जल्द ही स्थल का निरीक्षण कर सड़क की स्थिति की जांच की जाएगी और सड़क की मरम्मत कर लोगों के आवागमन को सुगम बनाया जाएगा।
मयूरभंज से हिमांशु शेखर प्रहराज, राज्य प्रमुख।