जालौन के कालपी से विधायक विनोद चतुर्वेदी अब समाजवादी पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए हैं. लेकिन इनकी कहानी सिर्फ पार्टी बदलने तक सीमित नहीं है.
विनोद चतुर्वेदी का राजनीतिक सफर कांग्रेस से शुरू हुआ था. 2007 में कांग्रेस के टिकट पर उरई से विधायक बने, फिर 2022 में सपा के टिकट पर कालपी से विधानसभा पहुंचे. 2024 के राज्यसभा चुनाव में बीजेपी के पक्ष में वोटिंग करने के बाद से ही इनके पाला बदलने की चर्चा शुरू हो गई थी.
अब बीजेपी में आने की वजह बताते हुए उन्होंने कहा कि राम मंदिर जाने से रोकने की कोशिश के बाद सपा से उनके विचार अलग हो गए. उन्होंने पीएम मोदी और सीएम योगी के नेतृत्व में बुंदेलखंड में हुए कामों की भी तारीफ की.
सबसे दिलचस्प बात ये है कि विनोद चतुर्वेदी ने कालपी से ही चुनाव लड़ने की बात कही है, जबकि इस सीट पर निषाद पार्टी भी दावा करती रही है. यानी अब बीजेपी के अंदर भी कालपी की सीट को लेकर सवाल उठेंगे कि टिकट किसे मिलेगा?
सपा के दो और विधायक अभय सिंह और राकेश प्रताप सिंह ने भी आज बीजेपी जॉइन की है. अमेठी में हुए इस कार्यक्रम में स्मृति ईरानी और बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी भी मौजूद रहे.