संवाददाता अनिल दिनेशवर
सफलता की कहानी
#प्रधानमंत्रीरोजगारसृजन_योजना बनी सहारा
कभी नौकरी की तलाश कर रहे विकास जैन, बने स्वयं के फ्लाई एस ईंट उद्योग के मालिक, आज 14 अन्य लोगों को दे रहे रोजगार जिले के सफल उद्यमी के रूप में पहचान रखने वाले सिवनी जिले के ग्राम घंसौर निवासी श्री विकास कुमार जैन बताते हैं कि वे स्वयं अपनी शिक्षा पूर्ण करने के उपरान्त से विगत लगभग 10 वर्षो से लगातार रोजगार की तलाश कर रहे थे, कि कोई रोजगार प्राप्त हो जाये सरकारी हो या प्राईवेट लेकिन मैं रोजगार की तलाश करते करते हताश हो गया किन्तु मुझे कहीं भी कोई रोजगार प्राप्त नहीं हो रहा था। मुझमें दिन प्रति दिन रोजगार न मिलने से मायूसी आते जा रही थी। लेकिन वो कहावत है न कि ‘भगवान के घर में देर है पर अंधेर नहीं’ मुझे समाचार पत्रों के माध्यम से उद्योग विभाग द्वारा संचालित स्वरोजगार मूलक ”प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम” योजना के बारे में जानकारी प्राप्त हुई, जो मेरे लिए आशा की किरण बनी।
उन्होंने बताया कि योजना की जानकारी लगते हि मैने सीधे जिला उद्योग एवं व्यापार केन्द्र कार्यालय में संपर्क किया गया। जहां पदस्थ सहायक प्रबंधक श्री आशीष द्वारा मुझे योजना की सम्पूर्ण जानकारी देने के साथ ही साथ प्रोत्साहित भी किया। प्रोत्साहित होकर स्थानीय मांग को ध्यान में रखते हुए मेरे द्वारा पीएमईजीपी योजना के माध्यम 25 लाख रूपये की लागत से फ्लाई एस ईंट बनाने की यूनिट स्थापित करने के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रस्तुत किया गया। जिसकी स्वीकृति त्वरित रूप से भारतीय स्टेट बैंक शाखा घन्सौर से भी प्राप्त हो गई। साथ ही साथ योजनांतर्गत 7 लाख 75 हजार रूपये सब्सिडी के रूप में प्राप्त हुए हैं।
वे बताते हैं कि योजना के माध्यम से मेरे द्वारा पारस ब्रिक्स इंडस्ट्रीज के नाम से अपनी यूनिट लगाई है। जिससे मुझे स्वयं को तो काम मिला ही इसके अलावा 14 अन्य जरूरत मंद लोगों को भी काम दिया जा रहा है। जिससे वह गौरवांवित महसूस करते हैं साथ ही साथ शासन की योजना से मिले लाभ के लिए केन्द्र व राज्य सरकार का धन्यवाद ज्ञापित करते हैं।