दुद्धी सोनभद्र।जनपद के नव-सृजित विकासखंड कोन के अंतर्गत जल जीवन मिशन की हर्रा-कदरा ग्राम समूह पेयजल योजना ‘हर घर नल’ धरातल पर धाराशायी साबित हो रही है। सूत्रों के अनुसार, कई ग्राम पंचायतों में नल कनेक्शन का कार्य पूरा नहीं हुआ, फिर भी कागजों पर पूर्ण दिखा दिया गया। कार्यदायी संस्था विष्णु प्रकाश आर. पुंगलिया लि. ने खबरें आने के बाद सड़क किनारे पाइप ढकने व मरम्मत का ढोंग तो रचा, लेकिन कार्य अधूरा छोड़ दिया।
महीनों बीतने के बाद भी चोकिंग व मरम्मत पूरी नहीं हुई। सोन नदी के इंटेक पर बालू जमा होने व ड्रेजिंग के बहाने समस्या जस की तस बनी हुई है। विभाग संस्था के बचाव में आख्या भेजता रहा, परिणामस्वरूप कोन क्षेत्र में जलापूर्ति महीनों से ठप है। ग्रामीण बताते हैं कि सड़क किनारे कनेक्शन तो दिए गए, लेकिन सड़क के अंदरूनी इलाकों के लोग वंचित हैं। मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायतें दर्ज हुईं, लेकिन नतीजा सिफर।
फ्लोरोसिस प्रभावित कचनरवा, असनाबांध, कुड़वा आदि क्षेत्रों में योजना अभिशाप बन गई है। लोग फ्लोराइड युक्त पानी पीने से रीढ़ की हड्डियाँ कमजोर हो रही हैं, कई असमय काल के गाल में समा चुके हैं। कचनरवा टोला असनाबांध लिंक रोड वार्ड-3 में आठ माह से अधिक समय हो गया, समस्या जस की तस। सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत के बावजूद विभाग ने बिना कार्य पूर्ण किए जांच आख्या भेज दी। अब ग्रामीण भ्रष्ट संस्था को ब्लैकलिस्ट करने की मांग कर रहे हैं।
इसी तरह कचनरवा के असनाबांध वार्ड-3, बड़ाप, रोहिन वादामर, नरोईयादामर, मधुरी, बागेसोती के सिंगा-डूमर, कुड़वा के धौर वादामर-शिवाखाड़ी, गोबरदाहा, पीपरखां के बिछमरवा, धंगरडीहा, मझिगवां, चांचीकला, खरौंधी, मिश्री सहित कई गांवों में जलापूर्ति नहीं हो रही। लोग नदी-नाले, चुआंड का दूषित पानी पीने को मजबूर हैं।
वरिष्ठ समाजसेवी जोखन प्रसाद यादव ने संस्था पर मनमानी का आरोप लगाते हुए जिला प्रशासन से तत्काल नल कनेक्शन, जलापूर्ति व ब्लैकलिस्टिंग की मांग की। उन्होंने कहा कि महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन कागजों तक सिमट गया है। शुक्रवार को जऊवाजोत (बागेसोती) में ग्रामीणों ने जोरदार प्रदर्शन किया। उन्होंने नियमित जलापूर्ति व संस्था के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, वरना जिला मुख्यालय पर धरना देने की चेतावनी दी। प्रदर्शन में जोखन प्रसाद यादव, मोबिन अंसारी, मिंटू शर्मा, छठू, रामनाथ मौर्य, गुड्डू पनिका आदि शामिल रहे।
सूत्रों के अनुसार, संस्था ने अधिकांश ग्राम प्रधानों से फर्जी प्रमाण-पत्र बनवा शासन को भेज दिए। ग्रामीणों ने सीएम व जिलाधिकारी का ध्यानाकर्षण कर शुद्ध पेयजल व ब्लैकलिस्टिंग की मांग की। अधिशासी अभियंता (जल निगम) अरुण सिंह ने बताया कि खनिज विभाग से पोकलेन द्वारा बालू हटाया जा रहा है, लेकिन जलस्तर में सुधार नहीं। हरसंभव प्रयास जारी है। संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर सुदर्शन बिंद का पक्ष जानने का प्रयास विफल रहा। अब देखना है कि ग्रामीणों को न्याय मिलेगा या भ्रष्टाचार हावी रहेगा।
सोनभद्र/दुद्धी (विवेक सिंह)