उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज बुंदेलखंड के विकास को एक नई गति देते हुए जनपद बांदा में ₹710 करोड़ से अधिक की लागत वाली 229 विकास परियोजनाओं का भव्य लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर आयोजित जनसभा में भारी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। डबल इंजन सरकार के समन्वित प्रयासों की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य को आत्मनिर्भर, समृद्ध और विकसित बनाने का संकल्प अब धरातल पर उतर रहा है।
कार्यक्रम के दौरान जनहित को सर्वोपरि रखते हुए एक बड़ी ऐतिहासिक शुरुआत की गई। शिक्षा क्षेत्र को सशक्त करने के उद्देश्य से ‘मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना’ के अंतर्गत पात्र शिक्षकों को कैशलेस हेल्थ कार्ड वितरित किए गए। इस योजना के माध्यम से अब शिक्षकों और उनके परिवारों को कैशलेस स्वास्थ्य सुरक्षा मिल सकेगी।
स्वास्थ्य और रोजगार के मोर्चे पर राहत देते हुए विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को नियुक्ति-पत्र, परियोजनाओं के स्वीकृति-पत्र, और आर्थिक संबल के रूप में प्रतीकात्मक चेक प्रदान किए गए। इसके अतिरिक्त, गरीब परिवारों को आयुष्मान कार्ड और स्थानीय कारीगरों व युवाओं को स्वावलंबी बनाने के लिए टूलकिट का वितरण भी मुख्यमंत्री के हाथों संपन्न हुआ।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बुंदेलखंड अब उपेक्षा का शिकार नहीं है, बल्कि यह विकास की मुख्यधारा से पूरी तरह जुड़ चुका है। सुरक्षा, उद्योग और बेहतर बुनियादी ढांचे के बल पर उत्तर प्रदेश तेजी से आगे बढ़ रहा है और बांदा की ये विकास परियोजनाएं इसी श्रृंखला की एक महत्वपूर्ण कड़ी हैं।
मंडल ब्यूरो चीफ ताहिर अली बांदा से