प्रेस नोट
कार्यालय पुलिस अधीक्षक जिला बैतूल
बैतूल। गणेश प्रतिमा विसर्जन कार्यक्रमों के दौरान शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा ध्वनि प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जिला प्रशासन एवं पुलिस द्वारा डीजे संचालकों एवं आयोजन समितियों को निर्धारित नियमों का पालन करने तथा रात्रि 10 बजे के बाद डीजे का संचालन नहीं करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए थे।
निर्देशों के बावजूद थाना गंज क्षेत्र में गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान बिना वैध अनुमति तेज आवाज में डीजे बजाने एवं डीजे वाहन खड़ा कर लोक मार्ग बाधित करने के दो मामलों में थाना गंज पुलिस द्वारा वैधानिक कार्रवाई की गई।
1. जेएच कॉलेज गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान कार्रवाई*
दिनांक 25.09.2026 को जेएच कॉलेज गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान कॉलेज चौक पर KULDEEP AUDIO के डीजे वाहन क्रमांक MP48G1821 को बिना वैध अनुमति तेज आवाज में डीजे बजाते पाया गया। पुलिस द्वारा समझाइश दिए जाने के बावजूद डीजे बंद नहीं किया गया। मामले में थाना गंज में अपराध क्रमांक 332/26, धारा 285 बीएनएस, धारा 7/15 कोलाहल अधिनियम एवं धारा 182(ए)(4), 66/192(1) मोटर व्हीकल एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया गया।
2. चुन्नीढाना में डीजे संचालक पर कार्रवाई
दिनांक 26.09.2026 को चुन्नीढाना, राजेन्द्र वार्ड में गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान VIRAT DJ SOUND EVENT BETUL द्वारा बिना वैध अनुमति तेज आवाज में डीजे बजाने तथा लोक मार्ग बाधित करने पर थाना गंज पुलिस द्वारा अपराध क्रमांक 334/26, धारा 285 बीएनएस, धारा 7/15 कोलाहल अधिनियम एवं धारा 182(ए)(4), 66/192(ए) मोटर व्हीकल एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस की अपील
पुलिस अधीक्षक बैतूल द्वारा सभी डीजे संचालकों, आयोजन समितियों एवं आमजन से अपील की गई है कि धार्मिक एवं सामाजिक आयोजनों के दौरान निर्धारित ध्वनि सीमा, समय-सीमा एवं यातायात संबंधी नियमों का पालन करें। बिना अनुमति तेज आवाज में डीजे का संचालन न करें तथा जुलूस के दौरान लोक मार्ग एवं यातायात व्यवस्था बाधित न करें। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
थाना गंज पुलिस द्वारा त्यौहारों के दौरान ध्वनि प्रदूषण, यातायात व्यवस्था एवं कानून-व्यवस्था से संबंधित नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
उक्त कार्रवाई में निरीक्षक अमित पंवार, उनि रवि शाक्य, आरक्षक 581 अनिरुद्ध, आरक्षक 273 गजानंद, आरक्षक 426 मनोज, आरक्षक 21 नवीन एवं आरक्षक 686 देवेन्द्र गौर की विशेष भूमिका रही।