बारीपदा: विज्ञान ज्ञान, अनुसंधान और नवाचार का एक असीमित संसार है। इसी वैज्ञानिक सोच और रचनात्मक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन मयूरभंज जिले के बारीपदा स्थित बारीपदा कॉलेज में आयोजित विज्ञान प्रदर्शनी के दौरान देखने को मिला। इस प्रदर्शनी में विद्यार्थियों ने अपने नए विचारों, वैज्ञानिक प्रयोगों और आकर्षक मॉडलों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।इस विज्ञान प्रदर्शनी में चार जिलों के कुल 28 कॉलेजों के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इसमें मयूरभंज, क्योंझर, बालेश्वर और भद्रक जिले के प्रतिभागियों ने विभिन्न वैज्ञानिक विषयों पर आधारित मॉडल, शोध परियोजनाएं और नवाचारपूर्ण प्रस्तुतियां प्रदर्शित कीं।विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए विज्ञान आधारित मॉडलों ने प्रदर्शनी में आए लोगों का ध्यान आकर्षित किया। वहीं, विद्यार्थियों की रचनात्मक सोच, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नए प्रयोगों ने उपस्थित अतिथियों को भी काफी प्रभावित किया।कार्यक्रम में महाराजा श्रीरामचंद्र भंजदेव विश्वविद्यालय (एमएससीबी विश्वविद्यालय) के कुलपति महेंद्र कुमार मोहंती मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। वहीं, वैज्ञानिक नीलाद्रि राय ने मुख्य वक्ता के रूप में कार्यक्रम में हिस्सा लिया।इसके अलावा मृण्मय कुमार गिरि, राजेश कुमार सारंगी, बारीपदा उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य तथा बारीपदा डिग्री कॉलेज के प्रोफेसर डॉ. प्रबोध कुमार देव सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
प्रदर्शनी के दौरान अतिथियों ने विभिन्न स्टॉलों का भ्रमण किया और विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए वैज्ञानिक मॉडलों का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने युवा प्रतिभागियों से उनके प्रोजेक्ट, प्रयोगों और नए विचारों के बारे में जानकारी भी प्राप्त की।इस अवसर पर अतिथियों ने कहा कि विज्ञान की शिक्षा केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसका उपयोग दैनिक जीवन में भी होना चाहिए। विद्यार्थियों में अनुसंधान की भावना विकसित करने और उन्हें नए विचारों एवं आविष्कारों के लिए प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।उन्होंने कहा कि इस तरह की विज्ञान प्रदर्शनियां विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, अनुसंधान क्षमता और रचनात्मकता को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने, एक-दूसरे के विचारों को समझने और विज्ञान के क्षेत्र में आगे बढ़ने का बेहतर अवसर मिलता है।चार जिलों के 28 कॉलेजों की भागीदारी ने बारीपदा कॉलेज परिसर को विज्ञान, रचनात्मकता और नवाचार के एक जीवंत मंच में बदल दिया। इस प्रदर्शनी के माध्यम से विद्यार्थियों की वैज्ञानिक प्रतिभा और भविष्य की संभावनाओं की शानदार झलक देखने को मिली।
मयूरभंज से हिमांशु शेखर प्रहराज, स्टेट हेड।
