दुद्धी (सोनभद्र)।मध्य प्रदेश के शिवपुरी में प्रसिद्ध कथावाचक पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री द्वारा सनातन धर्म के आराध्य भगवान श्रीकृष्ण और हनुमान जी को लेकर दिए गए विवादित बयान के खिलाफ सोनभद्र के दुद्धी में यादव समाज का आक्रोश फूट पड़ा है। अखिल भारत वर्षीय यादव महासभा के बैनर तले पदाधिकारियों ने महामहिम राज्यपाल के नाम सम्बोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी (एसडीएम) दुद्धी अशोक कुमार गुप्ता को सौंपा है। इस ज्ञापन के माध्यम से समाज ने धीरेंद्र शास्त्री के सार्वजनिक कथा वाचन पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की पुरजोर मांग की है।
सौंपे गए ज्ञापन में महासभा ने आरोप लगाया कि शिवपुरी में कथा के दौरान धीरेंद्र शास्त्री ने सनातन संस्कृति के दो महान स्वरूपों—राम और कृष्ण को आपस में बांटने का प्रयास किया, जो कि बेहद निंदनीय है। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण के स्वरूप पर ‘तीन जगह से टेढ़े’ जैसी अभद्र टिप्पणी की। इसके साथ ही प्रभु की रासलीला, बंशी बजाने, गाय चराने और बंदरों को नचाने को महज एक ‘खेल’ करार दिया। समाज का कहना है कि भगवान के इस रूप और प्रभु राम के परम भक्त हनुमान जी पर की गई अभद्र टिप्पणियों से करोड़ों कृष्ण भक्तों और सनातन धर्मावलंबियों की भावनाएं आहत हुई हैं।
यादव महासभा सोनभद्र के पदाधिकारियों ने महामहिम राज्यपाल से मांग की है कि समाज में वैमनस्यता और अमर्यादित भाषा को बढ़ावा देने वाले ऐसे कथावाचक को सार्वजनिक मंचों से कथा करने पर तत्काल प्रभाव से पूरी तरह प्रतिबंधित किया जाए।
एसडीएम कार्यालय में ज्ञापन सौंपने के दौरान अखिल भारत वर्षीय यादव महासभा (सोनभद्र) के जिला अध्यक्ष जगत नारायण यादव, सत्यनारायण यादव,बृजकिशोर यादव, आर.सी. यादव, नरेश कुमार यादव, अभिनाथ यादव, कार्तिक यादव, भगवत प्रसाद, छकौड़ी, मनोज यादव,सीएम यादव सहित समाज के कई गणमान्य नागरिक और युवा उपस्थित रहे।
