महिला नेत्री ने लगाए उत्पीड़न के गंभीर आरोप, बिना अनुमति हो रही महापंचायत में पुलिस ने किया लाठीचार्ज | माहौल तनावपूर्ण, विधायक ने सीएम योगी से मिलकर दी सफाई, बीजेपी ने महिला नेत्री को दिखाया बाहर का रास्ता | सियासी भूचाल की आहट
सहारनपुर में सियासत का पारा उस वक्त चढ़ गया जब बीजेपी विधायक किरत सिंह पर खुद उनकी ही पार्टी की महिला नेत्री ने गंभीर उत्पीड़न के आरोप जड़ दिए। मामले ने उस समय और तूल पकड़ लिया जब गुर्जर समाज ने विधायक के विरोध में बिना प्रशासनिक अनुमति के महापंचायत बुला ली। देखते ही देखते पंचायत स्थल पर भारी भीड़ जमा हो गई, माहौल गर्माने लगा और फिर पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। हंगामे के चलते कई लोगों को हिरासत में लिया गया, तो कई समाज के प्रतिनिधियों ने पुलिसिया रवैये पर कड़ा ऐतराज जताया।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद बीजेपी हाईकमान हरकत में आया और अनुशासनहीनता का हवाला देते हुए महिला नेत्री को तत्काल पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। उधर विधायक किरत सिंह डैमेज कंट्रोल में जुटते हुए सीधे लखनऊ पहुंचे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर खुद पर लगे सभी आरोपों को निराधार और राजनीति से प्रेरित बताया। सूत्रों के अनुसार विधायक ने दावा किया कि उन्हें बदनाम करने के लिए एक साजिश के तहत पूरा घटनाक्रम तैयार किया गया है।
इस बीच, गुर्जर समाज में भारी असंतोष व्याप्त है और लोग खुलकर महिला नेत्री के समर्थन में आ गए हैं। समाज के लोगों का कहना है कि जब अपनी ही पार्टी की महिला कार्यकर्ता की बात नहीं सुनी जा रही, तो आम जनता के हक की उम्मीद किससे करें। स्थानीय प्रशासन पूरे मामले पर सतर्क है और आगे किसी भी बड़े प्रदर्शन या विरोध को रोकने के लिए रणनीति बना रहा है।
इस घटनाक्रम ने न सिर्फ बीजेपी की आंतरिक राजनीति को झकझोर दिया है, बल्कि 2024 के बाद के सियासी समीकरणों को भी प्रभावित करने का संकेत दे दिया है। आने वाले दिनों में ये मामला सहारनपुर से निकलकर राजधानी लखनऊ की गलियों तक गूंज सकता है।
रिपोर्र रमेश सैनी सहारनपुर इंडियन टीवी न्यूज़