माओवादी नक्सली भोला कोड़ा की निशानदेही पर बोकारो जंगल से दो एसएलआर राइफल और भारी मात्रा में कारतूस बरामद
हजारीबाग संवाददाता । बोकारो पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। माओवादी नक्सली दस्ते के सदस्य भोला कोड़ा उर्फ रोहित कोड़ा की निशानदेही पर चतरोचट्टी थाना क्षेत्र अंतर्गत मुरपा के जंगल से दो एसएलआर (SLR) हथियार, 233 गोलियां और पांच खाली मैगजीन समेत अन्य सामान बरामद किए गए हैं।
आत्मसमर्पित नक्सली से पूछताछ में हुआ खुलासा
बोकारो पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति (दिनांक 13 अक्टूबर 2025) के अनुसार, यह बरामदगी नक्सली भोला कोड़ा की पुलिस रिमांड के दौरान पूछताछ के आधार पर हुई है। भोला कोड़ा (उम्र 21 वर्ष, पिता मनोज कोड़ा उर्फ बुद्ध कोड़ा, मुंगेर, बिहार) ने मुंगेर पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया था। बाद में, बड़कागांव थाना कांड संख्या 166/25 के संबंध में उसे हजारीबाग पुलिस द्वारा पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड पर लाया गया था।
पूछताछ में भोला कोड़ा ने खुलासा किया कि उसने और उसके साथी राजू उर्फ फुलचंद मांझी ने 17 जुलाई 2025 को बिरहोरडेरा जंगल में सुरक्षा बलों से मुठभेड़ के बाद भागने के क्रम में अपने दो एसएलआर हथियार और कारतूस मुरपा गांव के समीप एक बांस की टेकरी के पास मिट्टी में गाड़कर छुपा दिए थे।
संयुक्त टीम का सर्च अभियान
पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार, कोयला प्रक्षेत्र अंतर्गत बोकारो जिला के चतरोचट्टी थाना क्षेत्र के मुरपा जंगल में हथियार बरामदगी के लिए एक विशेष अभियान (OPS PLAN) चलाया गया। पुलिस महानिरीक्षक, कोयला प्रक्षेत्र, बोकारो पुलिस के निर्देशानुसार चलाए गए इस सर्च अभियान में हजारीबाग पुलिस, बोकारो पुलिस, झारखंड जगुआर और सीआरपीएफ 154 बटालियन की टीम शामिल थी।
नक्सली भोला कोड़ा की निशानदेही पर छुपाए गए स्थान से दो एसएलआर हथियार, 5 खाली मैगजीन, 233 एसएलआर की गोलियां, दो चतकबरा मैगजीन पाउच और दैनिक उपयोग की सामग्री बरामद की गई, जिसे विधिवत जब्त कर थाना लाया गया। पुलिस द्वारा आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
मुठभेड़ में मारे गए थे दो नक्सली
गौरतलब है कि 17 जुलाई 2025 को माओवादी नक्सली दस्ते के बिरहोरडेरा जंगल में भ्रमणशील होने की सूचना पर
सीआरपीएफ कोबरा 209 और बोकारो जिला बल ने छापामारी की थी। इस दौरान सुरक्षाबलों से मुठभेड़ में दो नक्सली मारे गए थे, जबकि परवेज दा, चंचल दा, विशन दा, राजू और भोला कोड़ा समेत अन्य नक्सली भागने में सफल रहे थे।
छापामारी दल में ये अधिकारी थे शामिल:
इस सफल छापामारी दल में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बड़कागांव पवन कुमार, गोमिया अंचल तेनुघाट बोकारो के पुलिस निरीक्षक जितेंद्र कुमार, 154 बटालियन के द्वितीय कमान अधिकारी अभिनव आनंद, चतरोचट्टी थाना प्रभारी दीपक कुमार राणा, आंगो थाना प्रभारी जानू कुमार, बड़कागांव थाना प्रभारी कृष्ण कुमार गुप्ता, सीआरपीएफ 154 बटालियन के सशस्त्र बल और झारखंड जगुआर 16 एजी के सशस्त्र बल शामिल थे।
नक्सली भोला कोड़ा पर बिहार और झारखंड के विभिन्न थानों में कई गंभीर मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट और यूएपीए (UAPA) की धाराएं शामिल हैं।