हर घर नल योजना फ्लॉप, कई गांवों में नल कनेक्शन अधूरा, हैंडपंप लंबे समय से खराब
दुद्धी सोनभद्र। विकास खंड कोन के कचनरवा, कुड़वा सहित फ्लोरोसिस प्रभावित क्षेत्रों में जलापूर्ति पूरी तरह ठप है। हैंडपंपों के ध्वस्त होने और नलों से महीनों से पानी न आने के कारण शनिवार को ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत कचनरवा के असनाबांध टोला सहित कई स्थानों पर जोरदार प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों का आरोप है कि जल जीवन मिशन के तहत शुरू की गई हर घर नल योजना धरातल पर पूरी तरह असफल साबित हो रही है। भरोसेमंद सूत्रों के अनुसार कई ग्राम पंचायतों में कागजों पर नल कनेक्शन पूर्ण दिखा दिए गए हैं जबकि वास्तविकता में कार्य अधूरा है। ग्रामीणों ने बताया कि विभाग द्वारा महीने में एक–दो दिन केवल 10 मिनट के लिए पानी चलाया जाता है, ताकि उसकी फोटो और वीडियो बनाकर उच्च अधिकारियों को फर्जी रिपोर्ट भेजी जा सके।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक कचनरवा, असनाबांध, नरोइयादामर, मधुरी, रोहिनवादामर, शिकारीखोली, बड़ाप, बागेसोती, सिंगा, डुबवा, कुड़वा, धौरवादामर, सेमरवादामर, गोबरदाहा, डीलवाहा, शिवाखाड़ी, धीचोरवा, पीपरखाड़, बिछमरवा, केवाल, मिश्री, डोमा, बहुआरा, रगरम, खरौंधी, चांचीकला, नकतवार आदि गांवों में नलों से पानी की सप्लाई ठप है।
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बताया कि हैंडपंप लंबे समय से खराब पड़े हैं और शिकायतों के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई। लोगों को नदी-नालों से पानी लाना पड़ रहा है, जिससे दूषित जलजनित बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
वरिष्ठ ग्रामीण बिहारी प्रसाद यादव ने कहा कि कचनरवा पंचायत के रोहिनवादामर और कुड़वा गांवों में फ्लोरोसिस की समस्या गंभीर है। इन इलाकों में न तो नल कनेक्शन मिले हैं और न ही शुद्ध पेयजल की आपूर्ति शुरू हुई है। वहीं बड़ाप, बागेसोती, सिंगा, धौरवादामर, शिवाखाड़ी, डीलवाहा आदि गांवों में भी लोग महीनों से पानी के इंतजार में हैं। उन्होंने बताया कि कई जगहों पर पानी टंकी का निर्माण तो हुआ, परंतु वे शोपीस बनकर रह गईं।
ग्रामीणों का आरोप है कि कार्यदायी संस्था द्वारा परियोजनाओं को कागजों पर पूर्ण दिखा दिया गया है, जबकि वास्तविकता में लोगों को पानी नहीं मिल रहा है। यह विषय जांच की मांग करता है।
प्रदर्शन में प्रदीप चंद्रवंशी, नंदलाल चेरो, रमेश, लकठु, कृष्णा, अखिलेश, सोनी, पूनम, प्रमिला, आदित्यनाथ सहित अनेक ग्रामीण उपस्थित रहे। प्रदर्शनकारियों ने जिलाधिकारी से हस्तक्षेप करते हुए शुद्ध पेयजल की आपूर्ति बहाल कराने एवं हैंडपंपों की शीघ्र मरम्मत की मांग की।
इस संबंध में अधिशासी अभियंता अरुण सिंह ने बताया कि नदी की धारा परिवर्तित हो जाने के कारण जल समस्या उत्पन्न हुई है, जिसे दूर करने के लिए युद्धस्तर पर प्रयास जारी हैं। जल्द ही जलापूर्ति सुचारू कर दी जाएगी।
सोनभद्र, तहसील रिपोर्टर दुद्धी, विवेक सिंह