हरिकेश मिश्रा इंडियन न्यूज़ टीवी तहसील रिपोर्ट
ब्रेकिंग न्यूज़: मेजा में खाद माफिया राज!
अखरी शाहपुर, मेजा (प्रयागराज) रिपोर्टर: हरिकेश मिश्रा (इंडियन न्यूज़ टीवी)
मेजा (प्रयागराज): एक तरफ उत्तर प्रदेश की योगी सरकार किसानों की आय दोगुनी करने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी तरफ मेजा तहसील के अखरी शाहपुर सहकारी समिति में सरकारी आदेशों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। यहाँ किसानों के साथ ‘खुला छल’ हो रहा है।
13.50 का खेल, करोड़ों का गोलमाल: जानकारी के मुताबिक, यूरिया खाद की बोरी का सरकारी प्रिंट रेट ₹266.50 है, लेकिन सोसायटी के सचिव व प्रधान पति कमलेश कुमार अपनी सत्ता की हनक में किसानों से प्रति बोरी ₹280 वसूल रहे हैं। जब गरीब किसानों ने विरोध किया, तो उन्हें खाद न देने की धमकी दी गई।
पत्रकारिता पर प्रहार: जब एक पत्रकार ने भ्रष्टाचार की पोल खोलनी चाही और सचिव से अतिरिक्त वसूली पर सवाल किया, तो सचिव आपा खो बैठे। सचिव ने कैमरे और फोन पर न केवल अभद्र भाषा का प्रयोग किया, बल्कि पत्रकार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दे डाली।
SDM की फटकार का भी असर नहीं!
मामले की गंभीरता को देखते हुए जब पत्रकार ने SDM मेजा सुरेंद्र प्रताप यादव से सचिव की बात कराई, तो प्रशासनिक अधिकारी की फटकार का भी सचिव पर कोई असर नहीं हुआ। उलटा, अधिकारी से बात करने के बाद सचिव और अधिक उग्र हो गए और पत्रकार को सरेआम धमकाया
इंडियन न्यूज़ टीवी के कड़े सवाल:
प्रशासन मौन क्यों? क्या सचिव कमलेश कुमार कानून से ऊपर हैं?
मजदूरी का बहाना या लूट? सचिव का यह तर्क कि ‘भाड़ा और मजदूरी’ वह खुद देते हैं, क्या यह अवैध वसूली को जायज ठहराता है?
चौथी शक्ति पर हमला: एक पत्रकार को कर्तव्य निभाने पर धमकी देना क्या लोकतंत्र की हत्या नहीं है?
कब होगी FIR? क्या SDM की फटकार सिर्फ कागजी रहेगी या इस ‘भ्रष्ट’ सचिव पर सलाखों के पीछे जाने वाली कार्रवाई होगी?
अखरी शाहपुर का यह मामला प्रशासन के मुंह पर तमाचा है। अब देखना यह है कि प्रयागराज जिलाधिकारी और मेजा प्रशासन इस ‘अन्नदाता के लुटेरे’ पर क्या एक्शन लेते हैं। इंडियन न्यूज़ टीवी इस खबर पर तब तक डटा रहेगा जब तक किसानों को न्याय नहीं मिल जाता।