जाकिर झंकार | आहवा
गुजरात राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण तथा जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में, डांग के कलेक्टर महोदय के मार्गदर्शन में दिनांक 27 जनवरी को तालुका प्राथमिक शाला, आहवा से जिला स्तरीय “स्कूल सुरक्षा सप्ताह–2026” का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम के अंतर्गत पहले दिन गुजरात राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, गांधीनगर (GSDMA) एवं बायसेग द्वारा पूरे गुजरात राज्य की सभी सरकारी प्राथमिक शालाओं के लिए वंदे गुजरात चैनल-1 पर लाइव प्रसारण का आयोजन किया गया। इस दौरान राज्य के मुख्यमंत्री श्री भूपेंद्रभाई पटेल, अतिरिक्त मुख्य सचिव (राजस्व), अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक द्वारा स्कूल सुरक्षा सप्ताह के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विभिन्न प्रकार की आपदाओं से निपटने हेतु विद्यार्थियों, शिक्षकों, स्कूल स्टाफ एवं अभिभावकों को आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
a“स्कूल सुरक्षा सप्ताह–2026” के अंतर्गत डांग जिले की तालुका प्राथमिक शाला, आहवा में जिला स्तरीय उद्घाटन कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मामलतदार (डिजास्टर), जिला प्राथमिक शिक्षा अधिकारी, डी.पी.ओ. (डिजास्टर) तथा विद्यालय के प्रधानाचार्य उपस्थित रहे और कार्यक्रम के उद्देश्य के अनुरूप मार्गदर्शन दिया।
इस अवसर पर 108 आपातकालीन सेवा टीम तथा इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा विद्यालय में संभावित दुर्घटनाओं के दौरान बचाव कार्य, प्राथमिक उपचार एवं फायर सेफ्टी से संबंधित व्यावहारिक प्रदर्शन (प्रैक्टिकल डेमोंस्ट्रेशन) प्रस्तुत किया गया।उल्लेखनीय है कि दिनांक 27/01/2026 से 31/01/2026 तक डांग जिले की सभी सरकारी प्राथमिक शालाओं में “स्कूल सुरक्षा सप्ताह” के अंतर्गत बाढ़, आग, चक्रवात, भूकंप जैसी विभिन्न आपदाओं से संबंधित जानकारी तथा आपदा के समय क्या करें और क्या न करें, इस विषय पर विद्यार्थियों को शिक्षकों द्वारा समझाया जाएगा।
डांग जिले में चयनित कुल 56 विद्यालयों में मेगा इवेंट कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा खोज एवं बचाव कार्य, 108 सेवा द्वारा प्राथमिक उपचार प्रशिक्षण एवं प्रदर्शन, रोड सेफ्टी जन-जागरूकता कार्यक्रम तथा आपदा शाखा द्वारा फायर सेफ्टी एवं फायर डेमोंस्ट्रेशन से संबंधित जागरूकता कार्यक्रम शामिल हैं। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य संवेदनशील विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अभिभावकों को प्रशिक्षित करना तथा उनकी आपदा-प्रबंधन क्षमता को सुदृढ़ बनाना है।