अकरम खान पटेल की रिपोर्ट।
बैतूल। जय हनुमान व्यायाम शाला गंज के उस्ताद विजय आर्य स्नेही का निधन विगत दिनों हो गया। अखाड़े में उनके शार्गिदों ने श्रद्धांजली सभा आयोजित कर उनको याद किया। इस अवसर पर विनोद बुंदेले और आशिक अली ने कहा कि श्री आर्य अखाड़े के पहलवानों की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहते थे। रवि मिश्रा और पम्मा बिहारे ने श्री आर्य के निधन को व्यायाम शाला के अपूरणीय क्षति बताया। मनमोहन बुंदेले और पप्पू शर्मा ने बताया कि विजय आर्य स्नेही बहु प्रतिभा के धनी थे उनका साहित्य में भी योगदान था और वह एक शानदार कवि भी थे। सोमेश त्रिवेदी और गुडडु मिश्रा ने कहा कि वह व्यायामशाला के पहलवानों को अपने स्वयं के व्यय पर मिष्ठान, दूध, प्रमाण पत्र और मैडल आदि प्रदान कर प्रोत्साहित करते थे। इस अवसर पर सुनील सोनी, दीपक डहेरिया, सुभाष सोनी, विवेक पटेल,कैलाश पानकर, विजय सावनेर, विजय सोनकर ने दो मिनट का मौन रख कर अखाड़े के उस्ताद विजय आर्य स्नेही को श्रद्धा सुमन अर्पित किए।