बरेली
खरीफ सीजन में किसानों को लूटने वालों की अब खैर नहीं! जिला कृषि विभाग ने यूरिया और डीएपी की कालाबाजारी और मनमानी वितरण पर ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए 13 उर्वरक विक्रेताओं पर गाज गिरा दी है।
जिला कृषि अधिकारी ऋतुषा तिवारी ने बताया कि जनपद में खाद की कोई कमी नहीं है। स्टॉक में *25,838 मीट्रिक टन यूरिया* यानी 5 लाख 74 हजार बैग और *21,961 मीट्रिक टन डीएपी-एनपीके* यानी 4 लाख 39 हजार बैग मौजूद हैं। इसके बावजूद कुछ दुकानदार बिना खतौनी, मनमाने रेट पर और शासनादेश की धज्जियां उड़ाकर खाद बेच रहे थे।
84 दुकानों पर पड़ा छापा, खुली पोल
शिकायतों के बाद कृषि विभाग की टीमों ने जनपदभर के 84 उर्वरक बिक्री केंद्रों पर एक साथ औचक निरीक्षण किया। जांच में गड़बड़ी पकड़े जाने पर
लाइसेंस रद्द:
1. विशाल खाद भंडार, पैगा
2. मिश्रा फर्टिलाइजर्स, उमरिया कल्याणपुर
3. अमन खाद भंडार, क्योलड़िया
4. कृषि सेवा केन्द्र, महलऊ
5. लोधी ट्रेडर्स, रामनगर
लाइसेंस निलंबित, बिक्री पर रोक:
प्रकाश सीमेंट स्टोर बल्लिया, हसन खाद भंडार बहेड़ी, सैनिक खाद भंडार लौंगपुर, पंकज खाद भंडार खतीला हुलासकुंवर, यादव कृषि रक्षा केन्द्र पुरैना, सुभाष एग्रो एजेन्सी रामनगर, प्रतिमा एग्रो ट्रेडर्स चकदाह, उमावीरा एग्री क्लीनिक चठिया पखुरनी।
कृषि अधिकारी की सख्त चेतावनी
ऋतुषा तिवारी ने साफ कहा – _“अब एक भी दुकानदार ने मनमानी की तो लाइसेंस जाएगा और FIR भी होगी। किसान को उसकी जोत के हिसाब से ही खाद मिलेगी, एक ग्राम ज्यादा नहीं, एक रुपया ज्यादा नहीं।”
उन्होंने किसानों से भी अपील की कि घबराकर अतिरिक्त खाद न खरीदें और अनावश्यक भंडारण से बचें। सहकारी समितियों, इफ्को केंद्रों और अधिकृत दुकानों पर खाद पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है।
साथ ही किसानों को सलाह दी गई कि रासायनिक उर्वरकों का अंधाधुंध इस्तेमाल न करें, सिर्फ कृषि वैज्ञानिकों द्वारा बताई गई संस्तुत मात्रा का ही प्रयोग करें।
प्रमोद शर्मा ब्यूरो बरेली