किशोर कुमार छत्तीसगढ़ स्टेट रिपोर्टर इंडियन टीवी न्यूज नेशनल
बस्तर।
बस्तर जिले की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। फूलपाड़ गांव के 450 से अधिक ग्रामीणों ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) छोड़कर कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर ली। इस सामूहिक राजनीतिक बदलाव को क्षेत्रीय राजनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे लंबे समय से विकास कार्यों और मूलभूत सुविधाओं की उपेक्षा का सामना कर रहे थे। उनका आरोप है कि कई बार जनप्रतिनिधियों और संबंधित अधिकारियों के समक्ष अपनी समस्याएं रखने के बावजूद समाधान नहीं हुआ, जिससे नाराज होकर उन्होंने यह फैसला लिया।
कांग्रेस नेताओं ने सभी नए सदस्यों का स्वागत करते हुए दावा किया कि पार्टी क्षेत्र के विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और रोजगार जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देगी। वहीं, ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि नई राजनीतिक जिम्मेदारी के साथ उनकी समस्याओं का समाधान होगा और क्षेत्र में विकास कार्यों को गति मिलेगी।
दूसरी ओर, भाजपा की ओर से इस घटनाक्रम पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आदिवासी बहुल क्षेत्रों में इस तरह के सामूहिक दल परिवर्तन का असर आने वाले चुनावों की रणनीति और स्थानीय राजनीतिक समीकरणों पर पड़ सकता है।
फिलहाल, फूलपाड़ के 450 से अधिक ग्रामीणों के कांग्रेस में शामिल होने की चर्चा