जरैलिया वार्षिक कार्यक्रम जे 19 अक्टूबर 2026 एकता बनी पूरे देश के लिए मिसाल
स्थान: जरैल गाँव, परसौना पंचायत, बेनीपट्टी, मधुबनी, बिहार
बिहार के मधुबनी जिले में बेनीपट्टी के निकट परसौना पंचायत का जरैल गाँव आज अपनी एकजुटता सामाजिक सेवा और सामूहिक प्रयासों से एक नई पहचान बना रहा है
जरैल गाँव प्रवासी मंच ने साबित कर दिया कि गाँव के विकास के लिए सिर्फ सरकारी योजनाओं पर निर्भर रहना जरूरी नहीं, बल्कि आपसी सहयोग और मजबूत इच्छाशक्ति से भी बदलाव लाया जा सकता है
पूरे गाँव में लगभग 400 स्ट्रीट लाइट, वृक्षारोपण, बुजुर्गों का सम्मान, जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण, निःशुल्क स्वास्थ्य जाँच,स्कूलों और मंदिरों में सहयोग तथा युवाओं के लिए जिम और खेलकूद के सामान की व्यवस्था—ये सभी पहल गाँव की सामूहिक सोच को दर्शाती हैं।
इन कार्यों की पहचान यह है कि ग्रामीणों के बताए अनुसार ये किसी सरकारी फंड या सरकारी योजना के भरोसे नही बल्कि गाँव के लोगों के अपने निजी चंदे और आपसी सहयोग से किए जा रहे हैं। गाँव के अंदर रहने वाले लोग हों या देश के अलग-अलग हिस्सों में रह रहे प्रवासी ग्रामीण—सभी अपनी क्षमता के अनुसार योगदान देकर अपनी मिट्टी का कर्ज चुकाने का प्रयास कर रहे हैं।
जहाँ लोग अक्सर गाँव के विकास की जिम्मेदारी दूसरों पर छोड़ देते हैं, वहीं जरैल गाँव के लोगों ने एकजुट होकर अपने गाँव के लिए खुद आगे बढ़ने का उदाहरण पेश किया है।
परगना जरैल प्रवासी मंच और गाँव के सभी सहयोगियों को दिल से सलाम
काश ऐसी एकता ऐसी सोच और समाजसेवा की भावना देश के हर गाँव में विकसित हो जब गाँव के लोग एक परिवार बनकर आगे बढ़ते हैं तो विकास केवल एक सपना नहीं बल्कि सामूहिक प्रयासों से साकार होने वाली हकीकत बन सकता है।
जरैल गाँव को सलाम गाँव की एकता को सलाम अपनी मिट्टी के लिए समर्पित हर व्यक्ति को सलाम
ISHWAR JHA
INDIAN TV NEWS
SPECIAL REPORTER (ALL INDIA)
