प्रीतम यादव ब्यूरो चीफ इंडियन टीवी न्यूज़
कवर्धा — जिले में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने कमर कस ली है। पीजी कॉलेज मैदान में आयोजित दो दिवसीय संयुक्त जांच शिविर में बच्चों को स्कूल पहुंचाने वाली 110 बसों की सघन जांच की गई। इस दौरान तीन वाहन पूरी तरह अनफिट पाए गए, जिन्हें तत्काल प्रभाव से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया।
जिले के कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा के निर्देशन में चले इस अभियान में परिवहन विभाग, यातायात पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने मिलकर न सिर्फ वाहनों की तकनीकी जांच की, बल्कि चालकों की आंखों और स्वास्थ्य की भी पड़ताल की – आखिर बच्चों की सुरक्षा कोई मजाक तो नहीं!
जिला परिवहन अधिकारी श्री मोहन साहू ने जानकारी दी कि जांच में कुछ वाहनों के दस्तावेज अधूरे मिले, कुछ की फिटनेस रिपोर्ट ने साथ छोड़ दिया। वाहन मालिकों को सख्त हिदायत दी गई है कि जल्द से जल्द कमियों को दूर कर दोबारा जांच कराएं। वहीं जो वाहन इस अभियान से ‘भाग’ खड़े हुए हैं, उन्हें 20 जून को दोबारा तलब किया गया है – वरना होगी कड़ी कानूनी कार्रवाई।
जहां यह अभियान लापरवाह वाहन मालिकों के लिए एक चेतावनी बनकर आया, वहीं ज़िम्मेदार स्कूल प्रबंधन और सजग वाहन चालकों के लिए यह राहत की खबर भी है। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि स्कूली वाहनों को अब बिना पूरी जांच के सड़कों पर चलने की इजाजत नहीं मिलेगी।
तो अगली बार जब आपके बच्चे की स्कूल बस आए – थोड़ा इत्मीनान रखिए, क्योंकि प्रशासन अब बच्चों की सुरक्षा को लेकर एक भी चूक के मूड में नहीं है!