जिला ब्यूरो चीफ जावेद अली टीकमगढ़
टीकमगढ़ जिले में कुल 76 गौशालाएं संचालित हैं, जिनमें से 72 वर्तमान में सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। इनमें से 34 गौशालाएं प्रमुख मार्गों के समीप स्थित ग्रामों में स्थित हैं, जिन्हें स्वयं सहायता समूहों एवं ग्राम पंचायतों द्वारा संचालित किया जा रहा है। प्रत्येक गौशाला में औसतन 100 या अधिक गौवंश रखने की क्षमता है।
राजस्व विभाग के अधिकारियों द्वारा आज शाम जिले की कुछ सक्रिय गौशालाओं का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान विभिन्न तहसीलों में स्थित गौशालाओं में गौवंश की वास्तविक उपस्थिति दर्ज की गई, जो इस प्रकार है:
तहसील खरगापुर
• रमपुरा: 45
• चंद्रपुरा: 120
तहसील टीकमगढ़
• मामोन: 80
• श्रीनगर: 58
• जसवतनगर: 87
• नारगुड़ा: 45
• गोपालपुरा: 96
• आलमपुरा: 25
तहसील मोहनगढ़
• भगवंतपुरा: 23
तहसील पलेरा
• सिमराखुर्द: 90
• बराना: 3
• गोवा: 72
• बूदौर: 47
तहसील बड़ागांव
• सापौन: 97
• अंतौरा: 106
तहसील बल्देवगढ़
• कुड़याला: 110
• करमासन: 60
• लड़वारी: 91
• लखेरी: 117
• देवरदा: 53
तहसील जतारा
• मांची: 75
• लारखुर्द: 0
निरीक्षण के उपरांत प्रशासन द्वारा निम्न बिंदुओं पर निर्णय लिया गया है:
1. यदि पोर्टल पर भरी गई जानकारी वास्तविक स्थिति से भिन्न पाई गई है, तो संबंधित संस्थाओं पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
2. मार्गों पर विचरण कर रहे गौवंश को उन गौशालाओं में रखा जाएगा, जहाँ क्षमता और आवश्यकता के अनुरूप स्थान उपलब्ध है।
3. शेष सभी गौशालाओं में भी निरीक्षण कर गैप के अनुसार गौवंश की पूर्ति की जाएगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि गौवंश की देखरेख और उनकी उचित व्यवस्था सुनिश्चित करना प्राथमिकता है तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।