रामगढ़ कस्बे में इन दोनों बंदरों का आतंक बहुत ज्यादा हो गया है कस्बे वासी इतने परेशान हैं की अपने घरों से निकलना मुश्किल हो गया है लोगों ने लाखों रुपए के जाल लगवा लिए फिर भी आतंक बंदरों का काम नहीं हो रहा प्रतिदिन किसी न किसी को बंदर खा जाते हैं यह बंदर कई लोगों को पहले भी टारगेट कर चुके हैं लेकिन रामगढ़ का प्रशासन व नगर पालिका चुप है किसकी बात देख रहे हैं कस्बे वासियों का कहना है की नगर पालिका हर साल बंदरों के नाम पर टेंडर जारी कर खाना पूर्ति कर देती है लेकिन आज तक इनका कोई समाधान नहीं निकल गया बच्चे स्कूल जाने से डर रहे हैं बंदरों ने केमरों की तार. पानी की टंकी .कस्बे के दुकानदार को इतना परेशान कर रखा है आज एक व्यक्ति दिनेश चौहान / भुरामल निवासी रामगढ़ का कान को इतना गंभीर बुरी तरह से खाया कि डॉक्टर ने उन्हें स्थिति देखते हुए उन्हें तुरंत जयपुर रैफर कर दिया. कस्बे वासियों का कहना है की प्रशासन की नींद कब खुलेगी. जब तक कोई बड़ा हादसा नहीं हो जाता. कस्बे वासियों का कहना है कि नगर पालिका भ्रष्टाचार का केंद्र बन गई है अगर जल्द से जल्द बंदर के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो धरना प्रदर्शन किया जाएगा जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी!
रिपोर्ट अजय भारद्वाज अलवर राजस्थान