शहजाद आलम, जिला संवाददाता/सिद्धार्थनगर।
सिद्धार्थनगर।
डुमरियागंज तहसील क्षेत्र अंतर्गत बसडीलिया गांव में युवाओं ने इंसानियत और साहस की ऐसी मिसाल पेश की, जिसकी पूरे क्षेत्र में जमकर सराहना हो रही है। गांव के पास स्थित दलदली इलाके में एक गौवंश पिछले दो दिनों से फंसा हुआ था। लगातार कोशिशों के बावजूद वह बाहर नहीं निकल पा रहा था, जिससे उसकी हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी। गौवंश के दलदल में फंसे होने की जानकारी मिलते ही गांव के कुछ युवा मौके पर पहुंचे और बिना किसी सरकारी संसाधन या सुरक्षा उपकरण के उसे बचाने का निर्णय लिया। युवाओं ने अपनी जान जोखिम में डालते हुए घंटों तक कड़ी मशक्कत की। दलदल इतना गहरा था कि कई बार रेस्क्यू कर रहे युवक खुद भी उसमें फंसने लगे, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी। कई घंटों तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद युवाओं ने रस्सियों और सामूहिक प्रयास की मदद से गौवंश को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। गौवंश के बाहर आते ही वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और युवाओं की जमकर प्रशंसा की। इस सराहनीय कार्य में दीप यादव, अफान फारुकी, मोगीस फारुकी समेत गांव के कई अन्य युवाओं की अहम भूमिका रही। सभी युवाओं ने मिलकर टीमवर्क और मानवता का परिचय देते हुए एक बेजुबान जानवर की जान बचाई।
ग्रामीणों का कहना है कि आज के दौर में जहां लोग अक्सर मुसीबत में दूरी बना लेते हैं, वहीं बसडीलिया गांव के युवाओं ने यह साबित कर दिया कि इंसानियत अभी भी जिंदा है। क्षेत्र के लोगों ने युवाओं के साहस, एकजुटता और सेवा भावना की खुले दिल से तारीफ की है। युवाओं की इस बहादुरी भरी पहल की चर्चा अब पूरे डुमरियागंज क्षेत्र में हो रही है और लोग उन्हें समाज के लिए प्रेरणा बता रहे हैं।