बरेली।
जनपद में संगठित अपराध और अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बरेली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब के कारोबार से जुड़े एक संगठित गिरोह पर शिकंजा कस दिया है। थाना बारादरी पुलिस की रिपोर्ट के आधार पर गिरोह के सरगना समेत पांच आरोपियों को जनपदीय माफिया घोषित कर दिया गया है। इस कार्रवाई से अवैध शराब कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार, बीसलपुर रोड स्थित ग्रीन पार्क कॉलोनी निवासी मनोज कुमार जायसवाल इस गिरोह का सरगना है, जिसे माफिया चिन्हिकरण संख्या M-17/2026 के तहत चिह्नित किया गया है। उसके साथ गिरोह के सक्रिय सदस्य अशोक दीक्षित, अजय जायसवाल, अरुण कुमार पाण्डेय और संजय कुमार को भी माफिया सूची में शामिल किया गया है।
जांच में सामने आया कि यह गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से अवैध शराब तस्करी के कारोबार में लिप्त था। आर्थिक लाभ के लिए संचालित इस नेटवर्क के जरिए अवैध शराब की खरीद-फरोख्त कर लाखों रुपये का मुनाफा कमाया जा रहा था। पुलिस का मानना है कि गिरोह की गतिविधियां केवल तस्करी तक सीमित नहीं थीं, बल्कि इसके तार अन्य आपराधिक गतिविधियों से भी जुड़े हो सकते हैं।
पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज मामलों ने भी गिरोह की आपराधिक पृष्ठभूमि उजागर कर दी है। गिरोह के सदस्यों के खिलाफ आबकारी अधिनियम, धोखाधड़ी, कूटरचना, आईटी एक्ट और गैंगस्टर एक्ट के तहत विभिन्न थानों में मुकदमे दर्ज हैं। इससे स्पष्ट है कि यह कोई सामान्य अपराधी समूह नहीं, बल्कि संगठित अपराध का एक सक्रिय नेटवर्क था।
पुलिस अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि अब गिरोह की अवैध संपत्तियों, आर्थिक स्रोतों और सहयोगियों की भी गहन जांच की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर गैंगस्टर एक्ट और अन्य कठोर कानूनी प्रावधानों के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। जिससे अपराध जगत में खलबली मच गई है।
बरेली ब्यूरो प्रमोद शर्मा