नरेश सोनी
इंडियन टीवी न्यूज
ब्यूरो हजारीबाग।
हर्षा, उल्लास, शांतिपूर्ण माहौल व भाईचारे के साथ मनाया गया 10वीं मोहर्रम का पवित्र पर्व
हजारीबाग/चुरचू: विभिन्न पंचायतों में रविवार, 06 जुलाई 2025 को 10वीं मोहर्रम (यौमे आशूरा) का पवित्र पर्व हर्षोल्लास, शांतिपूर्ण माहौल और आपसी भाईचारे के साथ मनाया गया। चरही थाना क्षेत्र के कजरी, पिपरा, करीमगंज, फूसरी-चरही, इंदरा, जरबा, दासोखाप, बासाडीह, हरहद, हेन्देगढ़ा तथा चुरचू थाना क्षेत्र के बोदरा और चीची कला गांवों में इस मौके पर विशेष आयोजन किए गए।
इस अवसर पर ताजिया जुलूस निकाले गए, जिसमें हजारों की संख्या में महिला, पुरुष, बुजुर्ग, युवा और बच्चे शामिल हुए। पूरा वातावरण श्रद्धा, शांति और सौहार्द से परिपूर्ण रहा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि चुरचू प्रखंड के लोकप्रिय प्रमुख निरंजन प्रसाद नायक एवं विशिष्ट अतिथि जिला परिषद सदस्य बासुदेव करमाली, मुखिया संघ अध्यक्ष सह बहेरा मुखिया देवकी महतो, अंचलाधिकारी ललित राम, चरही थाना प्रभारी कुंदन कांत विमल, चुरचू के पूर्व उप प्रमुख चौलेश्वर महतो सहित कई जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों ने उपस्थित रहकर श्रद्धांजलि अर्पित की और समुदाय को आपसी एकता एवं शांति का संदेश दिया।
इस पवित्र अवसर पर मुमताज अंसारी, आरीफ अंसारी, अब्दुल अंसारी, गुलाम अंसारी, तौफीक अंसारी, तामीर अंसारी, वकील अंसारी, जावेद अंसारी, आशिक अंसारी, मुख्तार अंसारी, हसनैन अंसारी, इरफान अंसारी, इसाक अंसारी, इस्राफील अंसारी, कलीम अंसारी, मंजूर अंसारी, दाऊद अंसारी, अजरूद्दीन अंसारी, जबरुल अंसारी, सहित बड़ी संख्या में समुदाय के वरिष्ठ सदस्य, लाइसेंसधारी, मोजाबिर, सदर और सचिवगण उपस्थित रहे।
यौमे आशूरा: सब्र, इंसाफ और इंसानियत का संदेश
10वीं मोहर्रम को यौमे आशूरा के रूप में याद किया जाता है — यह दिन करबला की उस ऐतिहासिक कुर्बानी की याद दिलाता है जब हज़रत इमाम हुसैन (अ.स.) ने अपने परिवार और साथियों के साथ अन्याय और ज़ुल्म के विरुद्ध लड़ते हुए इंसाफ और सच्चाई की राह पर अपनी जान कुर्बान कर दी थी।
इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि मोहर्रम कोई त्योहार नहीं, बल्कि सबक है — सत्य, सब्र और इंसानियत के साथ डटे रहने का। यह हमें सिखाता है कि मुश्किल हालात में भी अन्याय के आगे नहीं झुकना चाहिए। आज जब समाज में छोटी-छोटी बातों पर विवाद होते हैं, तब हज़रत हुसैन की कुर्बानी हमें याद दिलाती है कि असली ताक़त ईमान, सब्र और हक़ के साथ खड़े रहने में है।
कार्यक्रम का समापन दुआ और अमन-शांति की कामना के साथ किया गया।
– जिला जनसंपर्क कार्यालय, चुरचू / हजारीबाग
संवाददाता – [आपका नाम/मीडिया संगठन]