इंडिया टीवी राजेश मौर्य कुशीनगर
मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में गणना प्रपत्र भरकर ज्यों-ज्यों जमा कराए जा रहे हैं, इनवैलिड मतदाताओं की संख्या सहित कई कमियां उजागर हो रही हैं। अब तक जो गणना प्रपत्र जमा हुए है, उनमें 94 हजार मतदाताओं का नाम इनवैलिड अर्थात अवैध चिह्नित हुआ है।
31857 ऐसे नाम सामने आए हैं, जिनकी मृत्यु हो चुकी है फिर भी मतदाता सूची में नाम मिला है। इसी तरह दूसरी जगह शिफ्ट हो चुके एवं दो या इससे अधिक स्थानों पर भी बहुत से मतदाताओं के नाम पाए गए हैं, जिन्हें मतदाता सूची से हटाया जा रहा है। हालांकि, उन मतदाताओं के लिए विकल्प खुला हुआ है, जिनका नाम किसी त्रुटि की वजह से गलत दिख रहा है।
वे लोग अपने बीएलओ से संपर्क कर दुरुस्त करा सकते हैं। इन दिनों शासन-प्रशासन का पूरा जोर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण पर है। अफसर से लेकर कर्मचारी तक सभी चार दिसंबर से पहले एसआईआर का कार्य पूर्ण कर लेने के लिए दिन रात लगे हुए हैं। डीएम और उनके मातहत खुद भ्रमण कर इसकी प्रगति जांच रहे हैं और कार्य में तेजी लाने के निर्देश दे रहे हैं। निर्वाचन विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक मौजूदा समय में खड्डा विधानसभा क्षेत्र में 350720, पडरौना में 394787, तमकुहीराज में 407955, फाजिलनगर में 405108, कुशीनगर में 380258, हाटा में 377491 और रामकोला विधानसभा क्षेत्र में 378715 सहित कुल 2695030 मतदाता हैं। इन सभी विधानसभा क्षेत्रों में एसआईआर के लिए 2639 बूथों पर इतने ही बीएलओ लगाए गए हैं और इनके सुपरविजन के लिए प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में चार-चार सुपरवाइजर (एईआरओ) नियुक्त किए गए हैं। कुल 217 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं, जो बीएलओ के विभाग से जुड़े अधिकारी हैं। निर्वाचन विभाग की वेबसाइट पर हर दो घंटे के बाद गणना प्रपत्र जमा होने की विस्तृत जानकारी अपडेट हो रही है। गणना प्रपत्र मतदाताओं में वितरित किए जाने के बाद अब उन्हें भरकर वापस जमा कराया जा रहा है। शुक्रवार को दोपहर 12 बजे तक 1314381 गणना प्रपत्र जमा हो चुके थे। इनमें 31876 मतदाता ऐसे मिले हैं, जिनकी मृत्यु हो चुकी है फिर भी मतदाता सूची में नाम था। मतदाता सूची में 6540 ऐसे लोगों का नाम मिला है, जो ट्रेस नहीं किए जा सके। 40385 मतदाता दूसरी जगह शिफ्ट हो चुके हैं, लेकिन मतदाता सूची में इनका भी नाम उपलब्ध था। इनके अलावा 15093 मतदाताओं का नाम सूची में दो जगह पाया गया है। 778 ऐसे मतदाता हैं, जिनका नाम अन्य किन्हीं कारणों से मतदाता सूची में नहीं होना चाहिए। इस तरह कुल 94672 मतदाताओं का नाम अवैध चिह्नित किया गया है। ऐसे लोगों का नाम सूची से हट सकता है। हालांकि मतदाताओं को अपनी बात रखने तथा पात्र होने पर नाम जोड़वाने का विकल्प रखा गया है।