*कायाकल्प अभियान, ग्रामीण सड़कों के रखरखाव एवं छठ पर्व की तैयारियों को लेकर जिला पदाधिकारी ने की समीक्षा बैठक*
*आंगनबाड़ी केंद्रों एवं सरकारी विद्यालयों में रंग-रोगन का कार्य अगले चार दिनों में शत-प्रतिशत पूर्ण करने का निर्देश, एक माह के अंदर भवनविहीन एवं किराये पर संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों को सरकारी भवनों में शिफ्ट करने का लक्ष्य*
*सभी छठ घाटों पर साफ-सफाई, पहुंच पथ, लाइटिंग एवं शौचालय की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश*
गया, 07 नवंबर 2026, कायाकल्प अभियान, ग्रामीण सड़कों के रखरखाव एवं दीपावली तथा छठ पूजा के अवसर पर की जाने वाली तैयारियों को लेकर जिला पदाधिकारी गया श्री शशांक शुभंकर की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी, विभिन्न अभियंत्रण विभागों के अभियंता, सभी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, मनरेगा के कार्यक्रम पदाधिकारी एवं सभी प्रखंडों के पंचायत राज पदाधिकारी शामिल हुए।
*कायाकल्प अभियान की समीक्षा*
कायाकल्प अभियान की समीक्षा के दौरान जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन गांवों में आंगनबाड़ी केंद्रों का अपना भवन उपलब्ध नहीं है, वैसे केंद्रों के लिए उसी गांव के हाई स्कूल अथवा अन्य सरकारी विद्यालय की जमीन पर भवन निर्माण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके लिए एक माह की समय-सीमा निर्धारित की गई है। साथ ही जिले में किराये के भवनों में संचालित सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को भी संबंधित गांव अथवा क्षेत्र के सरकारी विद्यालयों के भवन या उपलब्ध सरकारी परिसर में अगले एक माह के अंदर संचालित करवाने का निर्देश दिया गया।
बैठक के दौरान बाल विकास परियोजना पदाधिकारी गुरुआ, डोभी, कोंच, मोहनपुर एवं वजीरगंज अनुपस्थित पाए गए। जिला पदाधिकारी ने सभी से स्पष्टीकरण की मांग की है। वहीं, बाल विकास परियोजना पदाधिकारी फतेहपुर एवं गुरुआ द्वारा कायाकल्प अभियान के कार्यों में धीमी प्रगति पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित पदाधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
जिला पदाधिकारी ने जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, आईसीडीएस को निर्देश दिया कि जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में रंग-रोगन का कार्य अगले चार दिनों के अंदर शत-प्रतिशत पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
इसी क्रम में जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया गया कि जिले के सभी सरकारी विद्यालयों में रंग-रोगन का कार्य अगले चार दिनों के अंदर शत-प्रतिशत पूर्ण कराया जाए। साथ ही कायाकल्प पोर्टल पर सभी विद्यालयों के जियो-टैग फोटोग्राफ भी शत-प्रतिशत अपलोड करवाना सुनिश्चित करें।
जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिले में ऐसे पार्क, जिनकी स्थिति खराब है तथा ऐसे छठ घाट, जिन्हें आकर्षक एवं बेहतर स्वरूप देने की आवश्यकता है, वहां आवश्यक मरम्मत, सौंदर्यीकरण एवं अन्य संबंधित कार्य अगले चार दिनों के अंदर पूर्ण कराए जाएं, ताकि आम नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।
*छठ घाटों पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने का निर्देश*
छठ पर्व की तैयारियों की समीक्षा करते हुए जिला पदाधिकारी ने नगर आयुक्त, गया नगर निगम, सभी अनुमंडल पदाधिकारियों, नगर पंचायत एवं नगर परिषद के सभी कार्यपालक पदाधिकारियों तथा सभी अंचल अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्र के सभी छठ घाटों का स्वयं निरीक्षण करें।
उन्होंने घाटों पर साफ-सफाई की उत्कृष्ट व्यवस्था सुनिश्चित करने, नदी एवं घाट तक पहुंचने के लिए सुगम पहुंच पथ, पर्याप्त एवं बेहतर प्रकाश व्यवस्था तथा घाटों पर शौचालय की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि छठ व्रतियों एवं श्रद्धालुओं को घाटों पर किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। सभी संबंधित पदाधिकारी समय-सीमा के अंदर तैयारियां पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
*रेलवे स्टेशन, हवाई अड्डे एवं बस स्टैंड पर होगी विशेष सजावट*
जिला पदाधिकारी ने छठ पर्व के अवसर पर जिले में उत्सवी एवं भक्तिमय वातावरण तैयार करने के उद्देश्य से विशेष निर्देश देते हुए कहा कि गया रेलवे स्टेशन, गया हवाई अड्डा एवं जिले के सभी बस स्टैंडों पर आकर्षक सजावटी लाइटिंग की व्यवस्था की जाए तथा छठ गीतों का लगातार प्रसारण सुनिश्चित किया जाए।
इसके अतिरिक्त सभी प्रखंड कार्यालयों, अनुमंडल कार्यालयों, पंचायत सरकार भवनों सहित अन्य प्रमुख सरकारी भवनों पर भी आकर्षक सजावटी लाइटिंग एवं छठ गीतों के प्रसारण की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया।
जिला पदाधिकारी ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ निर्धारित समय-सीमा में सभी कार्यों को गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण करने का निर्देश दिया, ताकि दीपावली एवं छठ महापर्व के अवसर पर जिलेवासियों एवं बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को स्वच्छ, सुंदर एवं बेहतर वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
रिपोर्टर त्रिलोकी नाथ गयाजी बिहार
