राजेश कुमार तिवारी इंडियन टीवी न्यूज़
कटनी
देशभर के चतुर्थ श्रेणी और लघु वेतन कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री के नाम 10 सूत्रीय मांगपत्र सौंपते हुए चेतावनी दी है कि मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर रविवार को अखिल भारतीय चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी संघ और मध्य प्रदेश लघु वेतन कर्मचारी संघ के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे कर्मचारियों और पदाधिकारियों ने अपनी मांगों को लेकर केंद्र सरकार का ध्यान आकर्षित किया।
मध्य प्रदेश लघु वेतन कर्मचारी संघ जिला शाखा कटनी के जिलाध्यक्ष पूर्णेश उइके ने बताया कि कार्यक्रम राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. के. गणेशन की अध्यक्षता और राष्ट्रीय मुख्य महासचिव महेंद्र शर्मा के नेतृत्व में संपन्न हुआ। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने 8वें वेतन आयोग में ग्रुप-डी कर्मचारियों के वेतन में 40 प्रतिशत वृद्धि, पुरानी पेंशन योजना की बहाली और आउटसोर्स व्यवस्था समाप्त करने की मांग प्रमुखता से उठाई।
इसके साथ ही सभी राज्यों में ग्रुप-डी की सीधी भर्ती, श्रम विरोधी कानूनों की वापसी तथा 10 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके दैनिक वेतनभोगी और अंशकालीन कर्मचारियों के नियमितीकरण की मांग भी की गई। कर्मचारियों ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका, आशा-ऊषा कार्यकर्ता, कोटवार और रसोइया बहनों को न्यूनतम 30 हजार रुपये मासिक वेतन देने की मांग भी ज्ञापन में शामिल की।
वीओ-4 : कार्यक्रम का संचालन प्रांतीय महामंत्री अजय दुबे ने किया। इस अवसर पर विभिन्न राज्यों से आए संघ पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने भाग लिया। वक्ताओं ने कहा कि यदि सरकार ने जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर और तेज किया जाएगा।