दुद्धी सोनभद्र। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ दुद्धी इकाई के बैनर तले लेखपालों ने शनिवार को तहसील दिवस के दौरान धरना प्रदर्शन किया। इसके बाद संघ के अध्यक्ष विनय कुमार गुप्ता के नेतृत्व में लेखपालों ने जिलाधिकारी चर्चित गौड़ को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित आठ सूत्रीय मांगपत्र सौंपा। प्रदेश स्तर पर भी संघ ने लंबित मांगों के समाधान न होने पर 17 अक्टूबर से कार्य बहिष्कार की चेतावनी दी है।ज्ञापन में लेखपालों ने कहा कि राजस्व प्रशासन, वरासत, नामांतरण, पैमाइश, आय-जाति-निवास जांच, आपदा प्रबंधन, ई-गवर्नेंस तथा अन्य शासकीय कार्यों का बढ़ता बोझ लेखपालों पर है, जबकि संसाधनों और सुविधाओं का अभाव बना हुआ है।संघ ने प्रमुख रूप से लेखपालों को प्रारंभिक वेतनमान लेवल-5 अर्थात 2800 ग्रेड पे देने तथा वेतन विसंगति दूर करने की मांग की। इसके अलावा वर्षों से लंबित अंतरमंडलीय स्थानांतरण प्रक्रिया शुरू कराने, चयन वर्ष 2025-26 की पदोन्नति सूची जारी करने और वर्ष 2024 के नव नियुक्त लेखपालों की विभागीय परीक्षा का परिणाम घोषित कर स्थायीकरण कराने की मांग उठाई गई।मांग पत्र में स्टेशनरी भत्ता 100 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये प्रतिमाह, वाहन/मोटरसाइकिल भत्ता 1500 रुपये प्रतिमाह तथा विशेष भत्ता 1000 रुपये प्रतिमाह करने की मांग भी शामिल रही। लेखपालों ने भूलेख कार्यालयों व पटलों पर संबद्ध लेखपालों को मूल तैनाती स्थल पर वापस भेजने की मांग की।संघ पदाधिकारियों ने कहा कि ग्राम सचिवालयों में बैठने के लिए पर्याप्त कक्ष, फर्नीचर, कंप्यूटर, इंटरनेट, विद्युत, पेयजल, अभिलेखों की सुरक्षा और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। इसलिए सुविधाएं और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित किए बिना ग्राम सचिवालयों में लेखपालों का रोस्टर लगाने पर रोक लगाई जाए।लेखपालों ने अपने पद को तकनीकी पद घोषित करने के साथ ही कार्य निष्पादन के लिए लैपटॉप और मोबाइल उपलब्ध कराने की भी मांग की। संघ ने चेतावनी दी कि लंबित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत 17 अक्टूबर से संपूर्ण कार्य बहिष्कार किया जाएगा।धरना प्रदर्शन में विनय गुप्ता ,लाल बाबू सरोज ,विमलेश श्रीवास्तव ,अरुण कन्नौजिया ,महेन्द्र यादव ,संजय कन्नौजिया ,कुंदन कन्नौजिया ,प्रशांत गुप्ता ,अनिल गुप्ता ,मकबूल अहमद ,रीता ,वर्षा ,शाश्वत द्विवेदी ,नीरज सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।