• फिल्टर के संपवेल को तीन ट्यूबवेल से भर रहे, जिससे एक टंकी भर पाएगी, बाकी टैंकर, ट्यूबवेल के भरोसे चलेंगे
बीना नदी पर बने हनौता इंटकवेल में पानी नहीं बचा, पठारी क्षेत्र में बारिश होने पर नदी में आएगा पानी
*संवाददाता महेंद्र पाण्डेय*
*मोबाईल 6267573056*
नगर में मंगलवार को नगर पालिका की टीम ने हनौता इंटेकवेल का निरीक्षण किया। जिसमें अब पानी – नहीं बचा है। यहां छोटी मोटरें लगवाई गई हैं, जिसका पानी एक कुंए में डाला जाता है। यह पानी भी मुश्किल से 20 हजार लीटर हो निकल रहा है। आसपास पूरी नदी सूखी हुई है। पानी दूर-दूर तक नजर नहीं आ रहा है। ऐसे में पानी की टंकियां भर पाना मुश्किल है।
तीन ट्यूबवेल से फिल्टर के
संपवेल को भरा जा रहा है। जिसमें 35 से 40 घंटे में 4 से 5 लाख लीटर पानी ही इक्ट्ठा हो पाता है। जिससे एक छोटी टंकी को भरा जा सकता है। ऐसे में अब टंकी से पानी सप्लाई के लिए बारिश ही एक मात्र विकल्प बचा है। ऐसे में पानी की सप्लाई अटकती नजर आ रही – है।खुई में 40 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई है, आसपास के पानी से – नदी भरेगी खुर्द क्षेत्र में पानी नहीं गिर रहा है। यहां सिर्फ 40 मिलीमीटर पानी गिरा है। जिससे यह पानी भूमि में ही सूख गया है। अब लगातार 3 से 4 इंच बारिश हो तो झोरों से बहकर पानी नदी तक पहुंच सकता है।
खुई। बीना नदी पर बने इंटेकवेल में पानी नहीं बचा है, अब नदी में बारिश का पानी आने का इंतजार है। अब टैंकरों से बाहों में पानी की सप्लाई होगी।
पानी राहतगढ़ क्षेत्र में गिरे तब भी पानी बीना नदी में आएगा। सबसे आसानी से नदी के ईटिकवेल तक पानी पठारी क्षेत्र का पहुंचेगा, यहां अगर पानी गिरता है तो झोरों से होता हुआ हनौता इंटेकवेल तक पहुंच जाएगा। लेकिन अभी यहां भी बारिश ज्यादा नहीं हुई है। बेगमगंज, गैरतगंज में बारिश होने पर सीधा बीना नदी में पानी का बहाव आता है। लेकिन अब मड़िया बांध बन चुका है।
जिसमें बारिश में आधे गेट खुले रहेंगे,
ऐसे में बांध को भरने में ही तेज बारिश में तीन दिन लग जाएंगे। इसके बाद चकरपुर बांध पड़ता है। यहां भी सभी स्लूज-नीचे लगे पानी निकासी के पाइप बंद रखे गए हैं। यहां भी पानी का भराव होगा, जिसमें दो दिन का समय लगेगा। इसके बाद नदी का पानी आगे बढ़ पाएगा। ऐसे में एक सप्ताह का समय लग सकता है। आसपास के क्षेत्र में पानी गिरने पर इंटेकवेल के पास नदी भरेगी, जिससे फिर पानी सप्लाई हो सकेगा।
*जल स्त्रोत वाले किसान पानी दान में दे रहे*
नगर में जल स्त्रोत वाले किसान पानी दान में दे रहे हैं। पुरानी जनपद के पास ऐसे किसान कोमल कुशवाहा अपने बगीचे के बोरवेल एवं कुंए से पानी टैंकर में निशुल्क भरवा रहे हैं। जिससे नगर पालिका के टैंकर वार्ड में पानी की सप्लाई दे सकें। पहले से ही चार समाजसेवी अपने जल स्त्रोतों से टैंकर भरवाकर पानी दे रहे हैं। किराए के टैंकर भी चल रहे हैं, जिनका भुगतान नगर पालिका कर रही है। अभी नगर पालिका द्वारा टैंकर के 180 फेरे लगवाए जा रहे हैं। जिससे लोगों को पानी मिल सके। सुबह 5 बजे से रात 12 बजे तक टैंकर पानी लेकर दौड़ रहे हैं।
टैंकर से पानी पहुंचाएंगे, बोरवेल का जलस्तर बढ़ेगा
जल प्रदाय प्रभारी अवनीश सिंह का कहना है कि बीना नदी में पानी नहीं बचा है, पानी जल्दी आने की उम्मीद है। टैंकर से वार्डों में पानी की सप्लाई दी जा रही है। जहां भी पानी की किल्लत आ रही है, वहां टैंकर से पानी भेज रहे हैं। टंकी भी भरने का प्रयास जारी है, जिस क्षेत्र की टंकी भर जाएगी, वहां सूचना देकर जल सप्लाई देंगे। वाडों में 97 ट्यूबवेल से पानी सप्लाई हो रहा है। भू-जल स्तर भी बढ़ रहा है। जिससे बोरवेल में पानी की मात्रा बढ़ेगी। लोगों तक पानी पहुंचेगा।
नदी का पानी मिल सके, इसके प्रयास चल रहे हैं• नगर पालिका सीएमओ दुर्गेश सिंह ठाकुर का कहना है कि सभी वार्डों में पानी किसी भी माध्यम से पहुंचे, ऐसा प्रयास किया जा रहा है। बारिश होते ही ऊपर के दो20 बांध से पानी छूट सके और बीना नदी में जल्दी पानी आए, इसके लिए उच्चाधिकारियों से बातचीत जारी है। आसपास के क्षेत्र में भी बारिश हो जाती है तो नदी में पानी आ जाएगा